- बेंगलुरु मेट्रो रेल कॉरपोरेशन ने नौ फरवरी से लागू होने वाले वार्षिक किराया पुनरीक्षण को फिलहाल स्थगित कर दिया
- किराया वृद्धि को लेकर भाजपा और जनता दल (सेक्युलर) की आलोचनाओं के बाद आदेश तक टाला गया
- केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने मेट्रो किराया वृद्धि को अस्थायी रूप से रोकने के निर्देश अधिकारियों को दिए
बेंगलुरु मेट्रो रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (बीएमआरसीएल) ने रविवार को कहा कि नौ फरवरी से लागू होने वाले वार्षिक मेट्रो किराया पुनरीक्षण के क्रियान्वयन को फिलहाल स्थगित कर दिया गया है. यह फैसला भाजपा और जनता दल (सेक्युलर) की ओर से किराया वृद्धि को लेकर की गई आलोचना के बाद सामने आया है.
बीएमआरसीएल का बयान, अंतिम फैसला बोर्ड करेगा
बीएमआरसीएल यानी बेंगलुरु मेट्रो ने एक बयान में स्पष्ट किया कि किराए में बदलाव को लेकर पहले की गई घोषणा को अगले आदेश तक लागू नहीं किया जाएगा, जिससे यह संकेत मिलता है कि इस मुद्दे पर अंतिम निर्णय अभी लंबित है. निगम ने कहा, “पांच फरवरी को जारी मीडिया विज्ञप्ति, जिसमें नौ फरवरी से वार्षिक किराया परिवर्तन लागू करने की बात कही गई थी, उसे अगले आदेश तक रोक दिया गया है.”
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बीएमआरसीएल के अनुसार, इस पूरे मामले पर अंतिम फैसला लेने से पहले बोर्ड द्वारा समीक्षा की जाएगी. निगम ने कहा कि बोर्ड की समीक्षा के बाद बदले हुए किराए को लेकर निर्णय की जानकारी दी जाएगी.
तेजस्वी सूर्या का दावा, केंद्रीय मंत्री ने दिए रोक के निर्देश
इससे पहले बेंगलुरु दक्षिण से भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या ने शनिवार को कहा था कि केंद्रीय आवास और शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने शहर में प्रस्तावित मेट्रो किराया वृद्धि को अस्थायी रूप से रोकने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं. सूर्या ने यह भी कहा कि केंद्रीय मंत्री ने किराया निर्धारण समिति (एफएफसी) में पाई गई कथित विसंगतियों की व्यक्तिगत रूप से समीक्षा का आश्वासन दिया है. उन्होंने कहा कि यदि राज्य सरकार अनुरोध करती है तो एक नई किराया निर्धारण समिति के गठन पर भी विचार किया जा सकता है.
यात्रियों से संवाद, बार‑बार बढ़ोतरी से नाराजगी
किराया वृद्धि के मुद्दे पर सूर्या ने पहले दिन मेट्रो यात्रियों से बातचीत की और उनकी राय जानी. बाद में संवाददाताओं से बात करते हुए उन्होंने कहा कि बार‑बार किराए में बदलाव किए जाने से यात्री नाराज़ हैं. भाजपा सांसद ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सिद्धरमैया और उपमुख्यमंत्री डी के शिवकुमार मेट्रो किराया वृद्धि के लिए केंद्र सरकार को दोषी ठहराकर “जनता को गुमराह” कर रहे हैं. उन्होंने किराया निर्धारण समिति के पुनर्गठन की भी मांग की.
कुमारस्वामी का आरोप, राज्य सरकार जिम्मेदार
केंद्रीय इस्पात और भारी उद्योग मंत्री तथा जद(एस) के वरिष्ठ नेता एच डी कुमारस्वामी ने भी मेट्रो किराया वृद्धि के लिए राज्य सरकार को जिम्मेदार ठहराया. मैसूरु में संवाददाताओं से बातचीत में उन्होंने कहा, “मेट्रो किराया बढ़ाने के बाद राज्य सरकार इसकी जिम्मेदारी केंद्र पर डाल रही है, जो सही नहीं है.” कुमारस्वामी ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार के किराया वृद्धि लागू न करने के अनुरोध के बावजूद राज्य सरकार इसे आगे बढ़ाने पर अड़ी हुई है. उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार केंद्रीय योजनाओं और नीतियों के क्रियान्वयन को लेकर केंद्र के साथ बेहतर समन्वय बनाने को इच्छुक नहीं है.
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं