कोरोना वायरस महामारी का दुनिया भर के बिजनेस को काफी नुकसान हुआ है. सबसे ज्यादा नुकसान रेस्टोरेंट और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर को हुआ है. वहीं आपको बता दें, भारी नुकसान होने के बावजूद भी रेस्टोरेंट इंडस्ट्री इस मुश्किल समय में जरूरतमंद लोगों की मदद करने के लिए आगे आ रहे हैं.
भले ही उनका का काम ठप हो गया हो, लेकिन लोगों को खाना खिलाने की भावना अभी भी इनमें बरकरार है. आज हम आपको लंदन में स्थित भारतीय रेस्टोरेंट 'Covent Garden'के बारे में बताने जा रहे हैं, जिनके मालिक ने शहर में लॉकडाउन होने के बाद भी रेस्टोरेंट खुला रखा. आइए जानते हैं इसके पीछे क्या वजह है.
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'Covent Garden' एक पंजाबी रेस्टोरेंट हैं. हाल ही में इस रेस्टोरेंट ने अपनी 75वीं सालगिरह मनाई है. ये रेस्टोरेंट नॉर्थ इंडियन कुजीन के लिए काफी फेमस है.
बता दें, ये रेस्टोरेंट गुरबचन सिंह मान द्वारा स्थापित किया गया था. वर्तमान पीढ़ी के मालिक अमृत मान है. जो कोरोना वायरस महामारी में जरूरतमंदों के लिए भोजन जरूरतमंद लोगों और फूड बैंकों को सप्लाई कर रहे हैं. उन्होंने कहा, "मैंने ये फैसला किया कि कोरोना वायरस लॉकडाउन के दौरान मेरा रेस्टोरेंट बंद न हो. हमारे लिए कोवेंट गार्डन एक गांव है, यह एक समुदाय है. इसलिए मैंने रेस्टोरेंट की किचन बंद करने से मना कर दिया है. आपको बता दें, अमृत मान ने ऐसा फैसला इसलिए लिया है ताकि वह गरीब और जरूरतमंद लोगों को खाने की सेवा उपलब्ध करवा सके.
वहीं रोज घर से रेस्टोरेंट आना और फिर घर वापस जाना, कोरोना काल में सुरक्षित नहीं है, ऐसे में अमृत मान अपने माता-पिता को संक्रमित होने से बचाने के लिए रेस्टोरेंट में ही शिफ्ट हो गए. इसी के साथ चालीस स्टाफ मेंबर भी रेस्टोरेंट में शिफ्ट हुए, ताकि Maan's mission कैंपन चला सके.
अमृत मान ने वर्तमान में बेघर को 100,000 से अधिक भोजन प्रदान किए हैं और फूड बैंक को खाने के लगभग 50,000 पैकेट प्रदान किए हैं. अमृत ने कहा, "कोरोना वायरस लॉकडाउन के दौरान, आप घर पर बैठ सकते हैं और टीवी देख सकते हैं, लेकिन मुझे पता था कि मैं एक ऐसे संपत्ति का मालिक हूं जिसमें हमारी रसोई औद्योगिक रसोई है. हम तीन-चार साल से बेघरों की मदद कर रहे हैं."
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