IAS-IPS Simple Marriage: आज के दौर में जहां शादियों में करोड़ों रुपये पानी की तरह लोग बहा रहे हैं, वहीं देश के दो बड़े अधिकारियों ने एक ऐसी मिसाल पेश की है जिसकी चर्चा हर तरफ हो रही है. एक IAS और एक IPS अधिकारी ने बिना किसी शोर-शराबे और तड़क-भड़क के, बेहद सादगी से कोर्ट में रजिस्टर्ड मैरिज की है. इनकी इस पहल को सोशल मीडिया पर लोग जमकर तारीफ कर रहे हैं और इसे 'असली शिक्षा' का उदाहरण बता रहे हैं.
यह भी पढ़ें-UGC के नए नियम पर क्यों मचा है बवाल? आसान भाषा में समझें क्या है ये पूरा विवाद
कौन हैं ये अधिकारी?pic.twitter.com/PXb96pK2GH #Telangana:
— SK (@MeSubrat_khatua) January 24, 2026
IAS–IPS couple opt for simple registered marriage#IAS officer Srikant and IPS officer Sheshadrini Reddy set an example by solemnising a no-frills registered marriage at the #Choutuppal Sub-Registrar Office in #YadadriBhuvanagiri district.
दुल्हन शेषद्रिणी रेड्डी (IPS) हैं, जो फिलहाल कुथबुल्लापुर में डीसीपी (DCP) के पद पर तैनात हैं. वह चौटुप्पल मंडल के लिंगारेड्डीगुडेम गांव की रहने वाली हैं. वहीं दूल्हे श्रीकांत रेड्डी (IAS) हैं, जो कडप्पा जिले के रहने वाले हैं और अभी अपनी प्रशासनिक ट्रेनिंग पूरी कर रहे हैं.
बिना शोर शराबे की शादीCongratulations to Smt Sheshadrini Reddy, IPS garu and Sri Srikanth Reddy, IAS garu on their marriage.
— Bandi Sanjay Kumar (@bandisanjay_bjp) January 24, 2026
Choosing a simple, registered wedding at the Choutuppal Sub-Registrar Office reflects quiet confidence and strong values.
Wishing the couple a happy, meaningful life together.… pic.twitter.com/Nk0HaTVh8X
दोनों अधिकारियों ने चौटुप्पल सब-रजिस्ट्रार ऑफिस पहुंचकर अपनी शादी रजिस्टर कराई. न कोई आलीशान वेन्यू, न भारी-भरकम गहने और न ही हजारों मेहमानों की भीड़. सिर्फ कुछ सीनियर ऑफिसर और करीबी रिश्तेदारों की मौजूदगी में यह शादी संपन्न हुई.
युवाओं और UPSC छात्रों के लिए मिसालअक्सर देखा जाता है कि लोग समाज में अपनी हैसियत दिखाने के लिए कर्ज लेकर भी महंगी शादियां करते हैं. लेकिन इन दोनों अधिकारियों ने यह साबित कर दिया कि सादगी ही सबसे बड़ी सुंदरता है. खासकर UPSC की तैयारी करने वाले छात्रों के लिए यह एक बड़ा सबक है कि पद और पावर मिलने के बाद भी अपनी जड़ों से जुड़े रहना और फिजूलखर्ची से बचना कितना जरूरी है.

सोशल मीडिया पर मिली खूब वाहवाही
इंटरनेट पर लोग कह रहे हैं कि "असली लीडर वही है जो अपने एक्शन से समाज को सही रास्ता दिखाए." कई यूजर्स ने लिखा कि जब देश के इतने बड़े पदों पर बैठे लोग सादगी अपना सकते हैं, तो आम जनता को भी दिखावे की होड़ छोड़ देनी चाहिए.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं