BJP National President Election: भारतीय जनता पार्टी ने राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव के लिए नोटिफिकेशन जारी कर दिया है. माना जा रहा है कि मौजूदा समय में पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नबीन को ही पार्टी का अध्यक्ष नियुक्त किया जा सकता है. पार्टी नोटिफिकेशन के अनुसार, 19 जनवरी को नामांकन प्रक्रिया शुरू हो जाएगी. अगर जरूरी हुआ तो 20 जनवरी को राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव कराया जा सकता है. ऐसे में सवाल उठता है कि बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव कैसे होता है, कौन लड़ सकता है और कौन से लोग वोट डालते हैं. आइए जानते हैं...
BJP में राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव कैसे होता है
भारतीय जनता पार्टी (BJP) देश की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी है और उसका राष्ट्रीय अध्यक्ष संगठन की दिशा, चुनावी रणनीति और सत्ता के केंद्र को तय करने में अहम भूमिका निभाता है. राष्ट्रीय अध्यक्ष पार्टी के संविधान और नियमों की धारा-19 के तहत चुना जाता है. यह चुनाव सीधे आम कार्यकर्ताओं या जनता के वोट से नहीं होता, बल्कि एक विशेष इलेक्टोरल कॉलेज के जरिए कराया जाता है. यह प्रक्रिया पूरी तरह संगठनात्मक होती है और पार्टी की आंतरिक लोकतांत्रिक व्यवस्था का हिस्सा है. पार्टी के संविधान के अनुसार, राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के लिए उम्मीदवार को कुछ जरूरी शर्तें पूरी करनी होती हैं.
कौन डालता है BJP अध्यक्ष के चुनाव में वोट
BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव में वोट डालने का अधिकार राष्ट्रीय परिषद (National Council) और प्रदेश परिषदों (State Councils) के निर्वाचित सदस्यों को होता है. इन्हीं सदस्यों से मिलकर इलेक्टोरल कॉलेज बनता है. यही इलेक्टोरल कॉलेज BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव करता है.
BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव कौन लड़ सकता है
1. राष्ट्रीय अध्यक्ष वही बन सकता है, जिसकी संगठन में गहरी पकड़ और देशभर में स्वीकार्यता हो.
2. उम्मीदवार को BJP का प्राथमिक सदस्य बने हुए न्यूनतम 15 साल हो चुके होने चाहिए.
3. इलेक्टोरल कॉलेज के कम से कम 20 सदस्य प्रस्तावक (Proposer) होने चाहिए. ये प्रस्ताव कम से कम 5 अलग-अलग राज्यों से आए हों.
4. उम्मीदवार को अपने नामांकन पत्र पर खुद हस्ताक्षर करने होते हैं. बिना हस्ताक्षर के नामांकन मान्य नहीं होता.
बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव कैसे होता है
सबसे पहले नामांकन फॉर्म भरे जाते हैं. अगर एक से ज्यादा उम्मीदवार होते हैं तो गुप्त मतदान (Secret Ballot) कराया जाता है. मतदान के बाद बैलेट बॉक्स दिल्ली लाए जाते हैं. यहीं काउंटिंग होती है. सबसे ज्यादा वोट पाने वाला उम्मीदवार BJP का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनता है. कई बार अगर सिर्फ एक ही नामांकन वैध होता है, तो अध्यक्ष को निर्विरोध भी चुना जा सकता है.
BJP अध्यक्ष का कार्यकाल कितना होता है
BJP के संविधान की धारा-20 के मुताबिक, राष्ट्रीय अध्यक्ष का कार्यकाल 3 साल का होता है. कोई भी व्यक्ति लगातार अधिकतम 2 कार्यकाल यानी कुल 6 साल तक अध्यक्ष रह सकता है. इसके बाद उसी व्यक्ति को फिर से अध्यक्ष बनने के लिए ब्रेक लेना जरूरी होता है.
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