
कोलकाता:
एआईसीटीई अध्यक्ष अनिल डी सहस्रबुद्धे ने कहा कि भारत को सभी शैक्षाणिक संस्थानों में गुणवत्ता बढ़ाने और प्रतिस्पर्धा तैयार करने की जरूरत है ताकि उनमें से कम से कम 10-20 वैश्विक शीर्ष 100 रैंकिंग में आ सके.
यादवपुर विश्वविद्यालय में वार्षिक दीक्षांत समारोह में उन्होंने कहा, ‘‘भारत को सभी संस्थानों में गुणवत्ता सुधारने और स्पर्धा तैयार करने के लिए रणनीति बनाने की जरूरत है.’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमें शिक्षा में उत्कृष्टता का आदर्श और चुनौती तैयार करने के लिए लगातार कोशिश करने की जरूरत है जिससे कि शीर्ष 100 संस्थानों में कम से कम 10-20 संस्थान आ सके.’’
उन्होंने कहा कि नेशनल इंस्ट्टियूशनल रैंकिंग फ्रेमवर्क इस दिशा में एक छोटा कदम है. साथ ही कहा हमें अनुसंधान के लिए मजबूत और विश्व स्तरीय स्नातक स्कूल तैयार करने की जरूरत है.
यादवपुर विश्वविद्यालय में वार्षिक दीक्षांत समारोह में उन्होंने कहा, ‘‘भारत को सभी संस्थानों में गुणवत्ता सुधारने और स्पर्धा तैयार करने के लिए रणनीति बनाने की जरूरत है.’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमें शिक्षा में उत्कृष्टता का आदर्श और चुनौती तैयार करने के लिए लगातार कोशिश करने की जरूरत है जिससे कि शीर्ष 100 संस्थानों में कम से कम 10-20 संस्थान आ सके.’’
उन्होंने कहा कि नेशनल इंस्ट्टियूशनल रैंकिंग फ्रेमवर्क इस दिशा में एक छोटा कदम है. साथ ही कहा हमें अनुसंधान के लिए मजबूत और विश्व स्तरीय स्नातक स्कूल तैयार करने की जरूरत है.
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