खास बातें
- विश्व बैंक की एक रपट में कहा गया है कि 2005-08 के दौरान विकासशील देशों में गरीबों की संख्या घटकर 1.29 अरब रह गई जो 1981 में 1.94 अरब थी।
नई दिल्ली: विश्व बैंक की एक रपट में कहा गया है कि 2005-08 के दौरान विकासशील देशों में गरीबों की संख्या घटकर 1.29 अरब रह गई जो 1981 में 1.94 अरब थी।
विश्व बैंक ने अपनी तरह के पहले सर्वेक्षण (2005-08) में यह निष्कर्ष निकाला है। इसमें कहा गया है, एक अनुमान के अनुसार 2008 में विकासशील दुनिया में 1.29 अरब लोग गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन कर रहे थे। यहां गरीबी रेखा से आशय दैनिक आय 1.25 डॉलर से कम होने से है।
रपट में कहा गया है, ‘इसके विपरीत 1981 में 1.94 अरब लोग गरीबी रेखा से नीचे जी रहे थे।’ इसमें कहा गया है कि 1.25 डॉलर की गरीबी रेखा दुनिया के 10 से 20 निर्धनतम देशों में औसत है। विकासशील देशों में 22 प्रतिशत लोग अब भी 1.25 डॉलर प्रतिदिन या 43 प्रतिशत लोग दो डॉलर प्रतिदिन से कम आय पर गुजारा करते हैं। अत्यंत गरीब लोगों की संख्या 1981 के बाद सबसे कम है।