खास बातें
- वोडाफोन कर मामले में गतिरोध समाप्त करने के प्रयासस्वरूप मंत्रिमंडल ने ब्रिटेन की इस कंपनी के साथ एक गैर-बाध्यकारी सुलह के वित्त मंत्रालय के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। ऐसी किसी सुलह के परिणाम पर बाद में संसद से मंजूरी लेनी होगी।
नई दिल्ली: वोडाफोन कर मामले में गतिरोध समाप्त करने के प्रयासस्वरूप मंत्रिमंडल ने ब्रिटेन की इस कंपनी के साथ एक गैर-बाध्यकारी सुलह के वित्त मंत्रालय के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। ऐसी किसी सुलह के परिणाम पर बाद में संसद से मंजूरी लेनी होगी।
वित्त मंत्री पी. चिदंबरम ने मंत्रिमंडल की बैठक के बाद बताया ‘हमने एक गैर-बाध्यकारी समाधान प्रस्ताव को अभी अभी स्वीकार किया है। यदि इसका परिणाम मंत्रिमंडल के समक्ष रखा जाएगा और यदि वह उसे स्वीकार होता है तो उसको मंजूरी के लिए संसद के समक्ष रखा जाएगा।’
वोडाफोन और सरकार के बीच 11,200 करोड़ रुपये का कर विवाद काफी समय से लंबित है। वोडाफोन ने वर्ष 2007 में हचिंसन एस्सार में हचिंसन की हिस्सेदारी खरीदी थी। इस सौदे पर सरकार ने वोडाफोन से कर की मांग कर खरी है।