खास बातें
- भारतीय रिजर्व बैंक ने मंगलवार को बचत खाते पर दी जाने वाली ब्याज दर पर से नियंत्रण हटा लिया।
नई दिल्ली: भारतीय रिजर्व बैंक ने मंगलवार को बचत खाते पर दी जाने वाली ब्याज दर पर से नियंत्रण हटा लिया। दूसरी तिमाही मौद्रिक नीति की घोषणा करते हुए रिजर्व बैंक के गवर्नर डी. सुब्बाराव ने कहा, "यह महसूस किया गया कि ब्याज दर पर से नियंत्रण हटाने के रास्ते पर आगे बढ़ने का यह उपयुक्त समय है।" नियंत्रण हटने के बाद बचत खाते में अधिकतम एक लाख रुपये तक की राशि पर बैंक को एक समान ब्याज दर रखना होगा। एक लाख रुपये से अधिक की राशि के लिए बैंक अलग-अलग ब्याज दर तय कर सकते हैं। रिजर्व बैंक के गवर्नर ने हालांकि कहा कि बैंक एक समान राशि के लिए अलग-अलग ग्राहकों के साथ भेद-भाव नहीं कर सकते हैं। नियंत्रण हटाने पर रिजर्व बैंक अलग से दिशा-निर्देश जारी करेगा।