यह ख़बर 05 नवंबर, 2011 को प्रकाशित हुई थी

पेट्रोल रोलबैक पर जनता, ममता से बेखौफ सरकार

खास बातें

  • एक उच्च पदस्थ सूत्र के अनुसार फिलहाल इस मुद्दे पर राजनीतिक सरगर्मी ज्यादा नहीं है। ऐसे में मूल्यवृद्धि वापस होने की संभावना नहीं दिखाई देती।
नई दिल्ली:

पेट्रोल के दाम में 1.80 रुपये प्रति लीटर की मूल्यवृद्धि वापस नहीं ली जाएगी। सरकारी सूत्रों का यह मानना है। एक उच्च पदस्थ सूत्र के अनुसार, फिलहाल इस मुद्दे पर राजनीतिक सरगर्मी ज्यादा नहीं है। ऐसे में मूल्यवृद्धि वापस होने की संभावना नहीं दिखाई देती। पेट्रोल मूल्यवृद्धि को लेकर तृणमूल कांग्रेस सहित संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन के घटकदलों पर वार करते हुए एक कैबिनेट मंत्री ने कहा ममता बनर्जी उस प्राधिकृत मंत्री समूह की सदस्य रही हैं जिसने जून 2010 में पेट्रोल के दाम नियंत्रणमुक्त करने का फैसला किया था। पिछले साल 25 जून को हुई इस बैठक में वह स्वंय शामिल नहीं हुई थी लेकिन उनकी सहमति ले ली गई थी। यह निर्णय लिए जाने के बाद भी वह लगातार मंत्रिमंडल में बनी रहीं और एक बार भी उन्होंने समर्थन वापसी की धमकी नहीं दी थी। मंत्री के अनुसार पेट्रोल के दाम बढ़ाने का तेल कंपनियों का निर्णय पिछले साल सरकार द्वारा उन्हें दिए गए अधिकार के अनुरुप ही है। उन्होंने कहा, ममता बनर्जी जबर्दस्त लोकाधिकारवादी हैं। हमारे पास ऐसे सहयोगियों के रहते हमें भारतीय जनता पार्टी जैसे विपक्ष की जरूरत नहीं है।


Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com