चेन्नई: दस रुपये के नोटों के साथ रिजर्व बैंक जल्द ही देश में प्लास्टिक के करेंसी नोटों की शुरुआत कर सकता है। बैंक के एक बड़े अधिकारी के अनुसार इसके परीक्षण आदि की प्रक्रिया आगामी साल में पूरी कर ली जाएगी।
रिजर्व बैंक के डिप्टी गवर्नर आर. गांधी ने गुरुवार को कहा कि प्लास्टिक करेंसी को शुरुआत में एक मूल्य के नोट के साथ पेश किया जाएगा। हमने इसकी प्रक्रिया शुरू की, लेकिन उसमें कुछ तकनीकी दिक्कतें आ गई थीं। अब हम इसे फिर से कर रहे हैं। आगामी साल में यह प्रक्रिया पूरी तरह चालू हो जाएगी।
रिजर्व बैंक फील्ड परीक्षणों के बाद काफी समय से प्लास्टिक के नोट शुरू करने की तैयारी कर रहा है। उसे एक अरब नोटों के लिए बोलियां मिली हैं। फरवरी, 2014 में सरकार ने संसद को सूचित किया था कि पांच शहरों में फील्ड परीक्षण के रूप में 10 रुपये के एक अरब प्लास्टिक के नोट उतारे जाएंगे, जिसमें कोच्चि, मैसूर, जयपुर, शिमला तथा भुवनेश्वर मुख्य रूप से शामिल हैं।
प्लास्टिक नोटों की आयु करीब पांच साल होती है और इनकी नकल करना भी आसान नहीं होता। इसके अलावा कागज की तुलना में प्लास्टिक के नोट अधिक साफ होते हैं। प्लास्टिक के नोट सबसे पहले आस्ट्रेलिया में शुरू किए गए थे। पश्चिम के कई देशों में अब प्लास्टिक की करेंसी का चलन है।