नई दिल्ली:
वित्त मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि वित्तवर्ष 2013-14 के लिए राजकोषीय घाटा सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का करीब 4.5 प्रतिशत रहने की संभावना है जो वित्तवर्ष 2015 के लिए अंतरिम बजट में उल्लखित 4.6 प्रश्तिात से मामूली कम है।
अधिकारी ने कहा, पिछले वित्तवर्ष के लिए राजकोषीय घाटा करीब 4.5 प्रतिशत रहेगा। उसने कहा, इस गिरावट का कारण योजनागत व्यय में कमी आने की उम्मीद हो सकती है। वित्तवर्ष 2015 के लिए अंतरिम बजट को प्रस्तुत करते हुए वित्तमंत्री पी चिदंबरम ने कहा था कि वर्ष 2013-14 के लिए राजकोषीय घाटा को 4.6 प्रतिशत पर नियंत्रित रखा जाएगा।
वित्तवर्ष 2012-13 में व्यय और आय के बीच के अंतर, राजकोषीय घाटा जीडीपी का 4.9 प्रतिशत था।