खास बातें
- देश की आर्थिक वृद्धि में नरमी और कमजोर मानसून के बावजूद विदेशी निवेशकों ने इस महीने अब तक शेयर बाजार में 4,800 करोड़ रुपये का शुद्ध निवेश किया है।
नई दिल्ली: देश की आर्थिक वृद्धि में नरमी और कमजोर मानसून के बावजूद विदेशी निवेशकों ने इस महीने अब तक शेयर बाजार में 4,800 करोड़ रुपये का शुद्ध निवेश किया है।
बाजार नियामक सेबी के आंकड़ों के मुताबिक एक अगस्त से 10 अगस्त के बीच विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने कुल 17,544 करोड़ रुपये के शेयरों की खरीदारी की, जबकि 12,750 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर बेचे। इस प्रकार शेयर बाजार में उनका शुद्ध निवेश 4,794 करोड़ रुपये रहा।
बाजार विशेषज्ञों ने कहा कि विदेशी निवेशकों ने कमजोर मानसून, आर्थिक नरमी और उच्च ब्याज दरों जैसे मुद्दों से किनारा कर लिया है और वे उम्मीद कर रहे हैं कि सरकार सुधार कार्यक्रमों को आगे बढ़ाएगी।
एक शेयर ब्रोकर ने कहा, ‘‘सरकार विवादास्पद सामान्य कर परिवर्जन रोधी नियम (गार) और आयकर कानून में संशोधन को पिछली तारिख से लागू करने से जुड़े मुद्दों पर ठंडा रुख अपनाने का संकेत दे रही है। इससे भारतीय बाजार से दूर हो रहे एफआईआई एक बार फिर भारत की ओर रुख कर रहे हैं।’’
विश्लेषक फर्म डेस्टीमोनी सिक्युरिटीज के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी सुदीप बंदोपाध्याय ने कहा, ‘‘भारी मात्रा में एफआईआई निवेश देश की मजबूत आर्थिक बुनियाद की वजह से नहीं आ रहा है, बल्कि ऐसा मुख्य रूप से ईसीबी और अमेरिकी फेडरल रिजर्व जैसे वैश्विक कारकों की वजह से हो रहा है। भारत में कमजोर मानसून, आर्थिक वृद्धि दर में सुस्ती जैसे कारकों से चिंता बढ़ी है।’’