खास बातें
- भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने एक बार फिर दोहराया कि अगर 2014 में उनकी पार्टी सत्ता में आई तो खुदरा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) को अनुमति देने संबंधी संप्रग सरकार के फैसले को वापस ले लिया जाएगा।
ब्रह्मपुरी: भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने एक बार फिर दोहराया कि अगर 2014 में उनकी पार्टी सत्ता में आई तो खुदरा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) को अनुमति देने संबंधी संप्रग सरकार के फैसले को वापस ले लिया जाएगा।
राजनाथ ने किसानों की एक रैली को संबोधित करते हुए कहा कि अगर उनकी पार्टी 2014 में सत्ता में आई तो खुदरा क्षेत्र में एफडीआई की अनुमति के उस फैसले को वापस ले लिए जाएगा जिससे देश के लाखों व्यापारियों और कारोबारियों के हितों को नुकसान हो रहा है। इस दौरान मंच पर पार्टी के पूर्व प्रमुख नितिन गडकरी भी मौजूद थे।
राजनाथ ने संप्रग सरकार द्वारा एफडीआई को अनुमति देने की घोषणा किए जाने के तुरंत बाद पिछले साल सितंबर में इसे वापस लेने की बात की थी। उन्होंने कहा कि अगर उनकी पार्टी सत्ता में आई तो महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना को कृषि से जोड़ा जाएगा और उर्वरकों, बीज तथा मिट्टी की जांच में किसानों की मदद के लिए हर जिले में प्रयोगशालाएं स्थापित की जाएंगी। इसके अलावा एक नियामक प्राधिकार बीजों और उर्वरकों की कीमतों एवं गुणवत्ता पर नियंत्रण करेगा।
राजनाथ ने फसल आय बीमा योजना लागू नहीं करने के लिए संप्रग सरकार की आलोचना की। राजनाथ सिंह जब केंद्र में कृषि मंत्री थे, उसी समय उन्होंने इस संबंध में विचार पेश किया था।
विदर्भ क्षेत्र में किसानों की आत्महत्या का जिक्र करते हुए राजनाथ ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार सिंचाई परियोजनाओं को पूरा नहीं कर सकी है। उन्होंने कहा कि किसानों को अपने उत्पादों का पर्याप्त दाम मिलना चाहिए।