पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान (फाइल फोटो)
नई दिल्ली:
सरकार ने आज साफ किया कि रसोई गैस सिलिंडर पर सब्सिडी के अंतरण के लिए आधार संख्या जरूरी नहीं है और इसके प्रत्यक्ष नकद अंतरण लाभ (डीबीटीएल) के लिए बैंक खाता का विकल्प दिया गया है।
लोकसभा में पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि डीबीटीएल के तहत इस योजना में शामिल होने वाले सभी एलपीजी उपभोक्ताओं को एलपीजी सिलिंडर (सब्सिडी आधारित एवं गैर सब्सिडी वाले सिलिंडर) बाजार मूल्य पर दिए जाते हैं और प्रत्येक सिलिंडर के लिए सब्सिडी उनके बैंक खातों में ट्रांस्फर होती है।
उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं के पास इस योजना के तहत सब्सिडी प्राप्त करने के लिए दो विकल्प हैं। एक तो आधार संख्या हो या उनके पास बैंक खाता हो। अगर आधार संख्या उपलब्ध होगी, तब यह नकद अंतरण का माध्यम बनेगी।
प्रधान ने कहा कि अगर आधार संख्या नहीं है तब बैंक खातों में सीधे सब्सिडी दी जाएगी। इस विकल्प को इसलिए रूपांतरित किया गया है ताकि आधार संख्या नहीं होने पर कोई एलपीजी उपभोक्ता सब्सिडी से वंचित नहीं रहे।