विज्ञापन

सेंसर बोर्ड में फंसी इस फिल्म की धड़ाधड़ बिक रही टिकट, दो शहरों में हुई हाउसफुल, आखिरी बार पर्दे पर दिखेगा सुपरस्टार

इतिहास में 9 जनवरी एक बेहद खास तारीख बनने जा रही है. इस दिन एक सुपरस्टार की आखिरी फिल्म रिलीज हो रही है. यह फिल्म सिर्फ एक रिलीज नहीं, बल्कि विजय के फिल्मी करियर के एक युग का अंत मानी जा रही है

सेंसर बोर्ड में फंसी इस फिल्म की धड़ाधड़ बिक रही टिकट, दो शहरों में हुई हाउसफुल, आखिरी बार पर्दे पर दिखेगा सुपरस्टार
9 जनवरी को रिलीज होगी तलपति विजय की आखिरी फिल्म
नई दिल्ली:

तमिल सिनेमा के इतिहास में 9 जनवरी एक बेहद खास तारीख बनने जा रही है. इस दिन तलपति विजय की आखिरी फिल्म ‘जन नायकन (Leader of the People)' सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है. यह फिल्म सिर्फ एक रिलीज नहीं, बल्कि विजय के फिल्मी करियर के एक युग का अंत मानी जा रही है, क्योंकि इसके बाद वह पूरी तरह राजनीति में कदम रखने वाले हैं. हालांकि, रिलीज से ठीक पहले फिल्म CBFC (सेंसर बोर्ड) से जुड़े विवादों में फंसी हुई है. सर्टिफिकेट में देरी को लेकर निर्माता KVN प्रोडक्शंस ने कोर्ट का रुख किया है. इसके बावजूद कई राज्यों में एडवांस बुकिंग शुरू हो चुकी है और जबरदस्त रिस्पॉन्स मिल रहा है.

कर्नाटक और केरल में फुल हाउस का माहौल

बुकमायशो के मुताबिक, कर्नाटक में पहले दिन पहले शो (FDFS) शाम 6 बजे से शुरू होंगे. गोपालन ग्रैंड मॉल, वी सिनेमा, श्री विनायका, ब्रुंदा RGB जैसे कई सिंगल स्क्रीन थिएटर्स में टिकट पहले ही बिक चुके हैं. केरल में भी विजय की फैन फॉलोइंग तेजी से बढ़ी है. वहां कई सिंगल स्क्रीन थिएटर्स ने एडवांस बुकिंग खोल दी है और ट्रेड रिपोर्ट्स के मुताबिक शानदार रिस्पॉन्स मिल रहा है.

तमिलनाडु में क्यों नहीं खुली बुकिंग?

तमिलनाडु में, जहां विजय का सबसे बड़ा फैन बेस और राजनीतिक असर है, वहां अभी सिर्फ मदुरै और सलेम के कुछ सिंगल स्क्रीन थिएटर्स में ही बुकिंग शुरू हुई है. इससे सवाल उठा कि क्या टिकट बुकिंग के लिए सेंसर सर्टिफिकेट जरूरी है?

क्या सेंसर के बिना टिकट बेचना गैरकानूनी है?

थिएटर ओनर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष तिरुप्पुर सुब्रमणियम बताते हैं कि, "कानून में कहीं नहीं लिखा कि टिकट बुकिंग के लिए सेंसर सर्टिफिकेट जरूरी है. फिल्म की स्क्रीनिंग से पहले सर्टिफिकेट होना चाहिए, बस". यानी सर्टिफिकेट सुबह 8 बजे मिले और शो 9 बजे हो, तो भी नियमों के मुताबिक है.

टिकट के दाम में बड़ा फर्क

कर्नाटक में FDFS टिकट की कीमतें 1800 से 2000 तक पहुंच गई हैं. वहीं तमिलनाडु में सरकारी नियमों के तहत टिकट की अधिकतम कीमत 190 तय है. सुब्रमणियम का मानना है कि इससे फिल्म के कलेक्शन पर असर नहीं पड़ेगा, क्योंकि तमिलनाडु में फिल्में लंबा चलती हैं और स्थिर दर्शक मिलते हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक, विदेशों में एडवांस बुकिंग 25 करोड़ के पार पहुंच चुकी है. वहीं मद्रास हाईकोर्ट में सेंसर से जुड़ी याचिका पर सुनवाई हुई, जिसे अब 7 जनवरी तक के लिए टाल दिया गया है.


 

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com