PHOTOS: दिलीप कुमार को आखिरी वक्त तक आती रही पेशावर के घर की याद, देखिए आज ऐसी दिखती है ये हवेली

Dilip Kumar dies at 98: दिलीप कुमार का दर्द उनकी गुजारिश में साफ दिखता है कि वह आखिरी वक्त तक अपने पुश्तैनी घर को याद कर रहे थे. उन्होंने पाकिस्तान के लोगों से कहा था कि कोई मेरे पुश्तैनी घर की तस्वीरें भेज दो.

PHOTOS: दिलीप कुमार को आखिरी वक्त तक आती रही पेशावर के घर की याद, देखिए आज ऐसी दिखती है ये हवेली

Dilip Kumar का वो पुश्तैनी घर, जिसकी याद उनके दिल से आखिरी समय तक भी नहीं गई, देखें तस्वीरें

नई दिल्ली:

सिनेमा का हरदम जगमगाता सितारा आज इस दुनिया से दूर जरूर चला गया है, लेकिन उनकी रोशनी हमारे दिलों में हमेशा जिंदा है. दिलीप कुमार का 98 साल की उम्र में निधन हो गया. वह लंबे समय से बीमार चल रहे थे.  उनका जन्म 11 दिसंबर 1922 को पाकिस्तान के पेशावर शहर में हुआ था. वह पाकिस्तान से मुंबई चले आए थे, लेकिन अपने पेशावर में बिताए बचपन और उस घर को वो हमेशा याद करते थे. इतना कि उन्होंने पिछले साल ट्वीट भी किया था कि कोई उनके घर की तस्वीर भर ही दिखा दे. उनकी इस गुजारिश में घर से दूर होने का दर्द और यादें छिपी थीं जो उनके दिल को हमेशा पेशावर के उस घर के करीब ले जाती थीं. किस्सा ख्वानी बाजार में स्थित ये घर मुगल-ए आजम के अभिनेता ने बंटवारे से पहले जीवन के शुरुआती दिन बिताए थे. राजकपूर का पैतृक घर भी पड़ोस में ही है. खैर अब सरकार ने 80 लाख रुपये कीमत तय करके इस हवेली को खरीद लिया है.


खैर, दिलीप कुमार की गुजारिश पर पाकिस्तान के पत्रकार शिराज हसन ने ट्वीट कर फोटोज शेयर की थी. हवेली जर्जर स्थिति में है, चारों तरफ टूटी-फूटी चीजें रखी हैं, लेकिन दिलीप कुमार को इन तस्वीरों में अपना पुराना वही घर दिखता है, जहां उन्होंने अपना बचपन बिताया था. इन तस्वीरों पर दिलीप कुमार ने धन्यवाद भी अदा किया.  उन्होंने लिखा कि इसे साझा करने के लिए धन्यवाद. पेशावर के सभी लोगों से अनुरोध है कि जिनके पास भी मेरे पुश्तैनी घर की फोटोज हैं, वो प्लीज #DilipKumar हैशटैग के साथ शेयर करें. इस अनुरोध से साफ था कि आखिर तक उनके दिल से इस घर को न देख पाने का दर्द नहीं जा रहा था.

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com


पाकिस्तान सरकार ने भी सालों इसकी सुध नहीं ली लेकिन अभी कुछ दिन पहले ही खैबर पख्तूनख्वा प्रांत की सरकार ने इसे खरीदने की मंजूरी दी है. बता दें कि कुछ दिन पहले ही भाषा के हवाले से खबर आई है खैबर पख्तूनख्वा प्रांत की सरकार ने दिलीप कुमार और राज कपूर के पेशावर में पैतृक घरों को खरीदने की मंजूरी दी है, जिन्हें म्यूजियम बनाया जाएगा. पेशावर के जिला आयुक्त कैप्टन खालिद महमूद ने कहा- एक्टरों के घरों के वर्तमान मालिकों की आपत्तियों को खारिज कर दिया और दोनों घरों को पुरातत्व विभाग को सौंपने का आदेश दिया है. सरकार ने राज कपूर के घर की कीमत डेढ़ करोड़ और दिलीप कुमार के घर की कीमत 80 लाख तय की है. हालांकि कपूर की हवेली के मालिक अली कादिर ने इसकी कीमत 20 करोड़ लगाई थी जबकि दिलीप के घर के मालिक गुल रहमान ने इस घर के लिए साढ़े तीन करोड़ रुपये मांगे थे.