'वंदे मातरम' गायन को लेकर छिड़े सियासी विवाद के बीच कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने सत्ता पक्ष पर जोरदार हमला बोला है. खरगे ने अपनी और अपनी पार्टी की सफाई देते हुए कहा कि उन्होंने वही 'वंदे मातरम' गाया है, जिसे राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू गाते थे. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अगर इस तरह से वंदे मातरम गाना कोई अपराध या गुनाह है, तो शिकायतकर्ताओं को सबसे पहले महात्मा गांधी और पंडित नेहरू के खिलाफ केस दर्ज करना चाहिए.
खरगे ने भाजपा नेताओं को आड़े हाथों लेते हुए याद दिलाया कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने भी अपने कार्यकाल में यही गाया था. इतना ही नहीं, उन्होंने मौजूदा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के रूप में 12 साल और अब तक के कार्यकाल में उन्होंने (पीएम मोदी की ओर इशारा) भी वही वंदे मातरम गाया है. खरगे ने सवाल उठाया कि अगर अब यह गुनाह हो गया है, तो वे लोग भी सालों से यही गुनाह कर रहे हैं.
कांग्रेस अध्यक्ष ने सत्ता पक्ष की 'राष्ट्रवाद' की परिभाषा पर भी तीखा प्रहार किया. उन्होंने कहा कि "क्या जो तुम बोलोगे, सिर्फ वही राष्ट्रवाद है?" खरगे ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस पार्टी किसी नई चीज की शुरुआत नहीं कर रही है, बल्कि वह पिछले 90 सालों से चली आ रही उसी ऐतिहासिक परंपरा का पालन कर रही है, जो आजादी के समय से देश में रची-बसी है. उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि सरकारें आती-जाती रहती हैं, लेकिन किसी एक सरकार के चाहने से नियम या राष्ट्रवाद के मायने नहीं बदल जाते.