Rasik Dulari Case : प्रेमानंद महाराज के शिष्य रसिक दुलारी केस में बड़ा खुलासा

  • 5:59
  • प्रकाशित: अक्टूबर 06, 2026

सूत्रों के हवाले से खबर है कि आश्रम में दीक्षा लेने वालों का बाहरी दुनिया से संपर्क लगभग खत्म हो जाता था और उन पर कई तरह की पाबंदियां लागू थीं. आखिर ऐसा क्यों किया जाता था, अब इस पहलू की भी जांच की जा रही है. हालिया घटनाओं के बाद प्रेमानंद महाराज के आश्रम की व्यवस्थाओं को लेकर कई सवाल उठे हैं. इस बीच रसिक दुलारी की मौत के बाद कुछ व्यवस्थाओं में बदलाव किए गए, लेकिन अब भी कई ऐसे पहलू हैं जो जांच के दायरे में हैं और जिनसे जुड़े सवालों के जवाब मिलना बाकी है. पुलिस सूत्रों के मुताबिक, आश्रम में आने वाले साधकों के पुराने मोबाइल फोन अपने पास रख लिए जाते थे. उनकी जगह उन्हें नए मोबाइल और नई सिम उपलब्ध कराई जाती थी. बड़ा सवाल यह है कि आश्रम में ऐसा क्यों किया जाता था और मोबाइल बदलने के पीछे की वजह क्या थी. सूत्रों का यह भी दावा है कि साधकों के बाहरी संपर्क सीमित कर दिए जाते थे. परिवार और दोस्तों से बातचीत पर भी कथित तौर पर कई तरह की पाबंदियां लगाई गई थीं. अब जांच एजेंसियां इन दावों और आश्रम की कार्यप्रणाली से जुड़े विभिन्न पहलुओं की पड़ताल कर रही हैं.

संबंधित वीडियो