8 जून तक दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर रहेगा डायवर्जन, घूमने जा रहे हैं तो जरूर पढ़ लें ये काम की खबर

Delhi Dehradun Expressway Diversion: दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे के एक हिस्से पर 8 जून तक डायवर्जन रहने वाला है. ये डायवर्जन गणेशपुर से देहरादून के बीच प्रोजेक्ट के फेज-4 में ढलान को स्थिर करने के काम के चलते किया गया है.

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दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर 8 जून तक डायवर्जन

Delhi Dehradun Expressway Traffic Diversion: अगर आप आने वाले दिनों में देहरादून घूमने की प्लानिंग कर रहे हैं और सफर करने के लिए दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे चुना है तो ये खबर आपके लिए जरूरी हो सकती है. दरअसल, इस कॉरिडोर के एक हिस्से पर 8 जून तक ट्रैफिक डायवर्जन रहेगा. ये फैसला NHAI द्वारा गणेशपुर से देहरादून के बीच प्रोजेक्ट के फेज-4 में ढलान को स्थिर करने (स्लोप स्टेबिलाइजेशन) के काम के चलते लिया है. आइए जानते हैं इस दौरान यात्रियों को कहां से सफर करना होगा...

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क्यों किया जा रहा है डायवर्जन?

NHAI के अनुसार स्लोप स्केलिंग और हाईवे के किनारे जमा अतिरिक्त मलबे को हटाया जाएगा. साथ ही इस कार्य को मानसून शुरू होने से पहले पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि बारिश के दौरान यात्रियों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े. काम के दौरान वाहनों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए हाईवे के करीब 1.25 किलोमीटर हिस्से पर ट्रैफिक डायवर्जन लागू किया जाएगा. साथ ही बाकी हिस्सों पर सामान्य तरीके से ट्रैफिक चलता रहेगा. इसक अलावा यात्रियों की सहूलियत के लिए 24 घंटे फ्लैगमैन भी तैनात किए जाएंगे. 

रूट डायवर्जन के बाद कैसे सफर करें यात्री?

डायवर्जन प्लान के मुताबिक देहरादून की ओर जाने वाले वाहनों को बाईं लेन से हटाकर दाईं लेन पर डायवर्ट किया दाएगा. इसके बाद डाट काली टनल के पास फिर से उसी रास्ते पर भेज दिया जाएगा. साथ ही दिल्ली और सहारनपुर की और जाने वाले वाहनों को डाट काली टनल पार करने के बाद पुराने हाईवे पर डायवर्ट किया जाएगा और 1.3 किलोमीटर बाद फिर से एक्सप्रेसवे पर जोड़ दिया जाएगा.

लगाए गए स्टोन कैचर

दिल्ली–देहरादून एक्सप्रेसवे का गणेशपुर–देहरादून खंड पहाड़ी क्षेत्र से होकर गुजरता है. इस हिस्से के कुछ हिस्सों के चौड़ीकरण कार्य में पहाड़ों की कटाई की गई है. एक्सप्रेसवे पर पत्थरों के गिरने की आशंका को देखते हुए एनएचएआई द्वारा संवेदनशील स्थानों पर पहले ही स्टोन कैचर लगाए जा चुके हैं.

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