मौनी अमावस्या पर हरिद्वार में श्रद्धालुओं ने गंगा में लगाई डुबकी 

मौनी अमावस्या के दिन मौन रहने, पवित्र गंगा में स्नान करने और दान करने से जीवन के सारे कष्ट दूर होती हैं और मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं.

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ठंड होने के बावजूद, जैसे ही मैंने मां गंगा में डुबकी लगाई, मेरे शरीर को ऊर्जा महसूस हुई.

हरिद्वार (उत्तराखंड), 9 फरवरी : ठंडे मौसम के बीच, देश भर से हजारों श्रद्धालु शुक्रवार को मौनी अमावस्या के अवसर पर उत्तराखंड के हरिद्वार में पवित्र नदी गंगा में डुबकी लगाने के लिए उमड़ पड़े. इस दिन मौन रहने, पवित्र गंगा में स्नान करने और दान करने से जीवन के सारे कष्ट दूर होती हैं और मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं. साथ ही यह भी मान्यता है कि इससे मोक्ष की प्राप्ति होती है. आपको बता दें कि मौनी अमावस्या से पहले दूर-दूर से श्रद्धालु हरिद्वार पहुंचे.

हरिद्वार में मौनी अमावस्या पर गंगा में स्नान करके के लिए आए एक श्रद्धालु नागेंद्र सिंह ने बताया कि स्नान के बाद मुझे बहुत अच्छा महसूस हुआ और इससे मेरे मन को बहुत शांति मिली. पानी काफी ठंडा है, लेकिन स्नान के बाद जो शांति मिलती है वह अद्भुत है. यह मां गंगा के प्रति गहरा प्रेम है जो मुझे छह महीने बाद यहां खींच लाया है. 

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एक अन्य श्रद्धालु ने मौनी अमावस्या के अवसर पर हरिद्वार में की गई व्यवस्था की सराहना करते हुए बताया कि आज मौनी अमावस्या है जिसको लेकर हरिद्वार में अच्छी व्यवस्था की गई है. सबसे पहले, मैं हरिद्वार में स्वच्छता प्रयासों और भक्तों के लिए अच्छी सुविधाएं प्रदान करने के लिए समर्पित कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त करता हूं. मुझे आशा है कि मां गंगा सभी की इच्छाओं पूरा करेंगी जो लोग यहां पवित्र स्नान के लिए आये हैं.

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वहीं, श्रद्धालु सोनू शर्मा ने बताया कि पवित्र नदी गंगा में डुबकी लगाने के बाद बताया कि मैंने मां गंगा से पूरे देश में शांति की कामना की. स्नान करना एक अद्भुत अनुभव था. ठंड होने के बावजूद, जैसे ही मैंने मां गंगा में डुबकी लगाई, मेरे शरीर को ऊर्जा महसूस हुई. आपको बता दें कि हिन्दू मान्यताओं के अनुसार मौनी अमावस्या पर स्नान करने से पितृ दोष से मुक्ति मिलती है.

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