World's shortest flight : कल्पना कीजिए, आप विमान में बैठते हैं, सीट बेल्ट बांधते हैं और खिड़की से बाहर झांकते हैं… लेकिन इससे पहले कि बादलों का नजारा ठीक से देख पाएं, पायलट लैंडिंग की घोषणा कर देता है. सुनने में अजीब लगता है, लेकिन यह हकीकत है. दुनिया की सबसे छोटी कमर्शियल फ्लाइट इतनी ही तेज है कि टेकऑफ और लैंडिंग के बीच का समय कई बार एक मिनट से भी कम रह जाता है. यही वजह है कि यह उड़ान न सिर्फ जरूरत, बल्कि एक अलग तरह का अनुभव भी बन चुकी है.
कहां चलती है ये फ्लाइट?
यह खास फ्लाइट स्कॉटलैंड के ऑर्कनी आइलैंड्स (Orkney Islands) में वेस्टरे (Westray) और पापा वेस्टरे (Papa Westray) नाम के दो छोटे द्वीपों के बीच चलती है. दोनों के बीच की दूरी महज 2.7 किलोमीटर है, जिसे विमान आमतौर पर 90 सेकंड में तय कर लेता है. अगर मौसम साफ हो और हवा साथ दे, तो यही सफर सिर्फ 53 सेकंड में पूरा हो जाता है. इसी वजह से इसका नाम गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज है. दिलचस्प बात यह है कि यह दूरी किसी बड़े एयरपोर्ट के रनवे जितनी ही है.
सिर्फ रोमांच नहीं, बल्कि जरूरत है ये उड़ान
इस रूट पर फ्लाइट्स को लोगनएयर (Loganair) ऑपरेट करती है और इसकी शुरुआत साल 1967 में हुई थी. यह सेवा सिर्फ रोमांच के लिए नहीं, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए बेहद जरूरी है. इन टापूओं की आबादी किसी मोहल्ले की आबादी से भी कम है. वेस्टरे में करीब 600 लोग रहते हैं, जबकि पापा वेस्टरे की आबादी 100 से भी कम है. ऐसे में डॉक्टर, टीचर और जरूरी सेवाओं तक पहुंचने के लिए यह फ्लाइट उनके लिए लाइफलाइन की तरह काम करती है. स्कॉटलैंड सरकार भी इसे सपोर्ट करती है ताकि यह सेवा लगातार चलती रहे.
प्लेन उड़ाते वक्त पाइलट के देख सकते हैं आप
इस फ्लाइट में इस्तेमाल होने वाला विमान भी बेहद छोटा होता है, जिसमें सिर्फ 8 यात्रियों के बैठने की जगह होती है. खास बात यह है कि पायलट आपके ठीक सामने होता है, यानी उड़ान का पूरा अनुभव बेहद क्लोज और रियल लगता है. यही कारण है कि एविएशन लवर्स और ट्रैवलर इसे अपनी बकेट लिस्ट में जरूर शामिल करते हैं.
कितना है किराया?
अगर टिकट की बात करें तो यह फ्लाइट उतनी महंगी नहीं है जितना आप सोच रहे होंगे. स्थानीय लोगों के लिए रिटर्न टिकट करीब 14.50 पाउंड यानी लगभग 1500 रुपये के आसपास पड़ता है. वहीं, पर्यटकों के लिए किराया 17 से 45 पाउंड तक जा सकता है. डे रिटर्न टिकट का औसत खर्च करीब 4000 रुपये के आसपास बैठता है.
10 मिनट में पूरा एयरपोर्ट प्रोसेस
इस फ्लाइट का एक और दिलचस्प पहलू इसका एयरपोर्ट है. पापा वेस्टरे का एयरपोर्ट किसी बड़े टर्मिनल जैसा नहीं, बल्कि छोटे से कमरे जैसा दिखता है. यहां चेक-इन में मुश्किल से 10 मिनट लगते हैं. यहां कुल तीन रनवे हैं, जिसमें से दो कंक्रीट के हैं जबकि एक घास का है. इस एयरपोर्ट पर स्थानीय लोग ही अलग-अलग जिम्मेदारियां निभाते हैं.
फेरी से मुकाबला, लेकिन फ्लाइट ही पहली पसंद
हालांकि इन दोनों द्वीपों के बीच फेरी सेवा भी मौजूद है, जो करीब 25 मिनट में सफर पूरा करती है. लेकिन खराब मौसम या जल्दी पहुंचने की जरूरत होने पर लोग इस फ्लाइट को ही चुनते हैं. दोनों टापूओं के ब्रिज बनाए जाने की भी योजना है, लेकिन अभी तक उस योजना को लागू नहीं किया जा सका है. यही वजह है कि दशकों बाद भी यह दुनिया की सबसे छोटी उड़ान आज भी उतनी ही जरूरी और लोकप्रिय बनी हुई है.
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