What is 9:5:2 rule: सक्सेस पाने के लिए जरूरी है कि सही दिशा में मेहनत की जाए. कुछ ऐसा ही पढ़ाई के साथ भी है. छात्र घंटों पढ़ाई तो करते हैं, लेकिन फिर भी कई बार मनचाही सफलता नहीं मिल पाती. ऐसे में वे 9:5:2 रूल अपनाकर देख सकते हैं. यह ऐसा तरीका है, जो टाइम मैनेजमेंट और ब्रेन फोकस पर आधारित होता है. इसे सही तरीके से डेली रूटीन में शामिल किया जाए तो पढ़ाई का रिजल्ट बेहतर हो सकता है.
क्या है 9:5:2 रूल
इस रूल में तीन नंबर दिखाई देते हैं. 9, 5 और 2. इन सभी नंबरों का खास मतलब होता है.
- 9 घंटे की अच्छी नींद
- 5 घंटे की फोकस्ड पढ़ाई
- 2 घंटे खुद के लिए
यानी दिनभर की भागदौड़ में पढ़ाई के साथ शरीर और दिमाग दोनों का संतुलन बनाए रखना जरूरी है. और इस रूल के साथ पढ़ाई करने से ये संतुलन बन जाता है.
9:5:2 रूल से कैसे करें पढ़ाई
9 घंटे की अच्छी नींद - इसके लिए रात को तय समय पर सोएं. सोने से 30 मिनट पहले मोबाइल बंद कर दें. देर रात पढ़ने की बजाय सुबह जल्दी उठकर पढ़ाई करें.
5 घंटे की फोकस्ड पढ़ाई- यह रूल इस बात पर जोर देता है कि लगातार 10-12 घंटे बैठने से बेहतर होता है कि 5 घंटे पूरी एकाग्रता के साथ पढ़ाई की जाए. इस समय को आप बांट भी सकते हैं. जैसे 2 घंटे सुबह, 2 घंटे दोपहर और 1 घंटा रात में रिवीजन.
बहुत मेहनत करते हैं पर याद किया हुआ सब भूल जाते हैं, क्या करें
2 घंटे खुद के लिए- इसमें दिन में दो घंटे का समय ऐसा होना चाहिए जिसमें आप अपने पसंद के काम या हॉबी को फॉलो कर सकें. इससे तनाव कम होता है. इस समय में एक्सरसाइज या वॉक, म्यूजिक सुनना, परिवार से बात करना, मेडिटेशन कर सकते हैं.
9:5:2 रूल से पढ़ाई के फायदे
- इस रूल से पढ़ाई करने से जल्दी थकान नहीं होती.
- चीजें लंबे समय तक याद रहती हैं.
- स्ट्रेस कम होता है.
- एकाग्रता बढ़ती है.
- टाइम मैनेजमेंट सुधरता है
पढ़ाई के दौरान ध्यान रखें ये बातें
- 45-50 मिनट पढ़ाई के बाद 10 मिनट का ब्रेक लें
- फोन और सोशल मीडिया से दूरी रखें
- कठिन विषय पहले पढ़ें
- रोज थोड़ा रिवीजन जरूर करें
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं