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ISRO ने लॉन्च किया Bharatiya Antariksh Hackathon 2026, स्टूडेंट्स को मिलेगा Scientists के साथ काम करने का मौका

यह राष्ट्रीय प्रतियोगिता केवल कॉलेज के छात्रों (UG, PG, PhD) के लिए है, जिसमें 3-4 सदस्यों की टीमें भाग ले सकती हैं। इसमें चंद्रयान-2 और आदित्य-L1 के डेटा विश्लेषण सहित कुल 15 चुनौतियां दी गई हैं.

ISRO ने लॉन्च किया Bharatiya Antariksh Hackathon 2026, स्टूडेंट्स को मिलेगा Scientists के साथ काम करने का मौका
शॉर्टलिस्ट होने वाले छात्रों को इसरो (ISRO) के वैज्ञानिकों और एक्सपर्ट्स से सीधे सीखने (Technical Mentorship) का मौका मिलेगा.

अगर आप कॉलेज के छात्र हैं और अंतरिक्ष की दुनिया में दिलचस्पी है और स्पेस साइंस (Space Science) में कुछ बड़ा करने का सपना देखते हैं, तो आपके लिए इसरो एक बड़ा मौका लेकर ले आया है. इंडियन स्पेस रिसर्च ऑर्गनाइजेशन (ISRO) ने 'भारतीय अंतरिक्ष हैकाथॉन (BAH) 2026' के तीसरे एडिशन की शुरुआत कर दी है. इसके लिए इसरो ने देश भर के स्टूडेंट इनोवेटर्स से नए और अनोखे आइडिया मांगे हैं. इस नेशनल हैकाथॉन को 'Hack2skill' प्लेटफॉर्म के साथ मिलकर शुरू किया गया है. इसका मुख्य उद्देश्य अंतरिक्ष (Space) और मौसम से जुड़ी भारत की सबसे मुश्किल चुनौतियों का तकनीकी समाधान खोजना है. इसके लिए अप्लाई कैसे करना और योग्यता क्या चाहिए ये सारी जानकारी हम आपको आगे आर्टिकल में बता रहे हैं. 

कौन कर सकता है अप्लाई? 

  • इस प्रतियोगिता में केवल अंडरग्रेजुएट (UG), पोस्टग्रेजुएट (PG) और पीएचडी (PhD) रिसर्च स्कॉलर्स ही हिस्सा ले सकते हैं.
  • हिस्सा लेने वाले छात्र किसी मान्यता प्राप्त भारतीय कॉलेज या यूनिवर्सिटी के होने चाहिए.
  • नौकरीपेशा (Working Professionals) लोग इसमें भाग नहीं ले सकते.
  • हर टीम में 3 से 4 सदस्य होने चाहिए. खास बात यह है कि अलग-अलग कॉलेजों के स्टूडेंट्स भी मिलकर एक टीम बना सकते हैं.

क्या हैं चुनौतियां और प्रोजेक्ट्स? 

इसरो ने कुल 15 प्रॉब्लम स्टेटमेंट जारी की हैं. इनमें से कुछ प्रमुख प्रोजेक्ट्स इस प्रकार हैं:

AI-पावर्ड डिजिटल ट्विन

भारत के मौसम (जलवायु) का एक एआई मॉडल तैयार करना.

चंद्रयान-2 रडार डेटा एनालिसिस

चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव (South Pole) पर जमीन के नीचे छिपी बर्फ का पता लगाना, ताकि भविष्य में रोवर के रास्तों की प्लानिंग की जा सके.

आदित्य-L1 डेटा

इसके जरिए सोलर फ्लेयर्स (सूरज से निकलने वाली लपटों) का पहले से अनुमान लगाना.

जेनरेटिव AI का इस्तेमाल

सैटेलाइट से ली गई तस्वीरों में से बादलों को हटाकर साफ फोटो तैयार करना.

इन तारीखों का रखें ख्याल

  1. रजिस्ट्रेशन और आइडिया सबमिशन शुरू 10 जून 2026 से शुरू हो जाएगा
  2. टेक्निकल सेशन (प्रॉब्लम स्टेटमेंट समझाने के लिए) 15 और 16 जून 2026 का समय है
  3. रजिस्ट्रेशन की आखिरी तारीख 1 जुलाई 2026 है
  4. शॉर्टलिस्ट टीमों का एलान 20 जुलाई 2026 को किया जाएगा
  5. इंडक्शन सेशन 21 जुलाई 2026 को होगा
  6. ग्रैंड फिनाले (30 घंटे का लाइव इवेंट) 6 और 7 अगस्त 2026 को होगा

फीस और मिलने वाले फायदे 

  • इस हैकाथॉन में भाग लेना बिल्कुल फ्री है.
  • रजिस्ट्रेशन के समय किसी तरह का फिजिकल मॉडल (प्रोटोटाइप) बनाने की जरूरत नहीं है, सिर्फ 1 जुलाई तक अपना आइडिया प्रपोजल सबमिट करना होगा.
  • शॉर्टलिस्ट होने वाले छात्रों को इसरो (ISRO) के वैज्ञानिकों और एक्सपर्ट्स से सीधे सीखने (Technical Mentorship) का मौका मिलेगा.
  • राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलने के साथ-साथ, छात्रों को इसरो के लाइव स्पेस प्रोजेक्ट्स पर ऑफिशियल इंटर्नशिप करने का चांस भी मिल सकता है.
  • फाइनल राउंड के लिए चुने गए सभी छात्रों का II AC ट्रेन का टिकट किराया ऑर्गनाइजर्स द्वारा वापस (Refund) किया जाएगा.

कैसे करें आवेदन?

इच्छुक टीमें Hack2skill के ऑफिशियल इवेंट पोर्टल पर जाकर ऑनलाइन अप्लाई कर सकती हैं.

डायरेक्ट लिंक

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