विज्ञापन

JEE-NEET की तैयारी बिल्कुल मुफ्त, बिहार के सरकारी स्कूलों में होगी प्राइवेट स्कूलों जैसी पढ़ाई

Bihar School Live Classes Scheme: बिहार स्कूल लाइव क्लासेज योजना के तहत सरकारी स्कूलों में प्राइवेट स्कूलों जैसी तमाम सुविधाएं दी जाएंगीं. यहां पढ़ने वाले छात्रों को नीट-जेईई की मुफ्त कोचिंग भी दी जाएगी.

JEE-NEET की तैयारी बिल्कुल मुफ्त, बिहार के सरकारी स्कूलों में होगी प्राइवेट स्कूलों जैसी पढ़ाई
बिहार के सरकारी स्कूलों में होगा बड़ा बदलाव, नई योजना लॉन्च

Bihar School Live Classes Scheme: बिहार सरकार ने सरकारी स्कूलों की शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पटना के शास्त्रीनगर स्थित राजकीय कन्या उच्च माध्यमिक विद्यालय में बिहार स्कूल लाइव क्लासेज कार्यक्रम का शुभारंभ किया. इस योजना का उद्देश्य सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों को तकनीक आधारित गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है, ताकि वे भी निजी स्कूलों के छात्रों की तरह बेहतर पढ़ाई और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर सकें.

9वीं से 12वीं तक के छात्रों को मिलेगा लाभ

बिहार स्कूल लाइव क्लासेज योजना के तहत कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए लाइव और इंटरएक्टिव ऑनलाइन कक्षाएं चलाई जाएंगी. इन कक्षाओं में छात्र विशेषज्ञ शिक्षकों से पढ़ाई करेंगे और अपनी शंकाओं का समाधान भी तुरंत प्राप्त कर सकेंगे. इससे दूर-दराज के क्षेत्रों में पढ़ने वाले छात्रों को भी वही गुणवत्ता वाली शिक्षा मिलेगी जो बड़े शहरों में उपलब्ध होती है.

मुफ्त होगी JEE, NEET और CUET की तैयारी

इस योजना की सबसे बड़ी खासियत है कि सरकारी स्कूलों के छात्रों को अब JEE, NEET और CUET जैसी राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी मुफ्त में कराई जाएगी. इसके लिए बिहार विद्यालय परीक्षा समिति की ओर से ऑनलाइन कोचिंग क्लासेज शुरू की गई हैं.

छात्रों को नियमित लाइव क्लास, रिकॉर्डेड वीडियो, डिजिटल नोट्स, अभ्यास प्रश्न, मॉक टेस्ट और टेस्ट सीरीज उपलब्ध कराई जाएगी. इससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को महंगी कोचिंग पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा.

पटना के 10 मॉडल स्कूलों से हुई शुरुआत

योजना के पहले चरण में राजधानी पटना के 10 चयनित मॉडल स्कूलों (सरस्वती विद्या निकेतन) के विद्यार्थियों को लाइव क्लासेज से जोड़ा गया है. इन स्कूलों के छात्र सीधे विशेषज्ञ शिक्षकों से पढ़ाई करेंगे. सरकार का लक्ष्य इस व्यवस्था को जल्द ही राज्य के सभी मॉडल स्कूलों तक पहुंचाना है.

दो अत्याधुनिक स्मार्ट क्लासरूम का लोकार्पण

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने विद्यालय में दो आधुनिक स्मार्ट क्लासरूम का भी उद्घाटन किया. इन कक्षाओं में इंटरएक्टिव पैनल, डिजिटल स्क्रीन और आधुनिक शिक्षण उपकरण लगाए गए हैं. इससे पढ़ाई अधिक रोचक, प्रभावी और तकनीक आधारित बनेगी. शिक्षक डिजिटल माध्यम से पढ़ाएंगे और छात्र विषयों को बेहतर तरीके से समझ सकेंगे.

सात स्वयंसेवी संस्थाओं के साथ हुआ समझौता

शिक्षा व्यवस्था में गुणवत्ता सुधार और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए शिक्षा विभाग ने सात स्वयंसेवी संस्थाओं (NGOs) के साथ समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए. इन संस्थाओं का सहयोग शिक्षकों के प्रशिक्षण, डिजिटल कंटेंट तैयार करने, नई शिक्षण तकनीकों को बढ़ावा देने और छात्रों के समग्र विकास में लिया जाएगा.

जुलाई के अंत तक 422 स्कूलों तक पहुंचेगी योजना

शिक्षा विभाग के अनुसार फिलहाल इस योजना की शुरुआत पटना के सरकारी स्कूलों से की गई है. लक्ष्य है कि जुलाई के अंत तक जिले के सभी 422 हाई स्कूलों में लाइव क्लासेज की सुविधा उपलब्ध करा दी जाए. इसके बाद इसे चरणबद्ध तरीके से पूरे बिहार के सरकारी विद्यालयों में लागू किया जाएगा. सरकार की योजना भविष्य में इस डिजिटल व्यवस्था को राज्य के सभी 146 मॉडल स्कूलों और बाद में अन्य सरकारी विद्यालयों तक विस्तारित करने की है.

छात्रों को मिलेंगी ये सुविधाएं

बिहार स्कूल लाइव क्लासेज के तहत छात्रों को कई आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी

  • विशेषज्ञ शिक्षकों की लाइव ऑनलाइन क्लास
  • इंटरएक्टिव पढ़ाई और डाउट क्लियरिंग
  • डिजिटल स्टडी मैटेरियल
  • रिकॉर्डेड वीडियो लेक्चर
  • नियमित मॉक टेस्ट और ऑनलाइन टेस्ट सीरीज
  • बोर्ड परीक्षा की बेहतर तैयारी
  • JEE, NEET और CUET जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की मुफ्त कोचिंग
  • तकनीक आधारित स्मार्ट क्लासरूम में पढ़ाई

क्या है सरकार का उद्देश्य?

बिहार सरकार का मानना है कि शिक्षा में तकनीक का उपयोग समय की जरूरत है. ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को अक्सर अच्छे शिक्षकों और कोचिंग संस्थानों तक पहुंच नहीं मिल पाती. इस योजना के जरिए सरकार उन छात्रों को भी समान अवसर देना चाहती है, ताकि वे राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता हासिल कर सकें और बेहतर भविष्य बना सकें.

कार्यक्रम में शिक्षा मंत्री मिथलेश तिवारी, शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के प्रतिनिधि और बाकी लोग मौजूद रहे. इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार सरकार चाहती है कि राज्य का कोई भी छात्र केवल संसाधनों की कमी के कारण पीछे न रह जाए. डिजिटल शिक्षा के माध्यम से हर छात्र तक बेहतर शिक्षण सामग्री और विशेषज्ञ शिक्षकों की पहुंच सुनिश्चित की जाएगी.

ये भी पढ़ें - 'बोर्ड परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्रों पर फालतू का तनाव', थर्ड लैंग्वेज पर भड़कीं सुप्रीम कोर्ट की जज

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Bihar School, Samrat Chaudhary, NEET JEE Free Coaching, Bihar Govt School
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com