खास बातें
- करीब नौ माह बाद अपने कड़े मौद्रिक रुख में बदलाव करते हुए भारतीय रिजर्व बैंक ने आज नीतिगत ब्याज दरों में 0.25 प्रतिशत कटौती की घोषणा की।
नई दिल्ली: भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा पेश मौद्रिक नीति की तीसरी तिमाही की समीक्षा की मुख्य बातें :-
-रेपो दर 0.25 प्रतिशत नीचे। आठ प्रतिशत से घटकर 7.75 फीसदी हुई।
-नौ माह बाद केंद्रीय बैंक ने नीतिगत ब्याज दरों में यह कमी की है।
-रिवर्स रेपो सात से घटकर 6.75 प्रतिशत पर आई।
-नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) 0.25 फीसदी घटकर चार प्रतिशत पर।
-सीआरआर में कटौती से बैंकिंग प्रणाली के पास उपलब्ध होगी 18,000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त नकदी।
-चालू वित्त वर्ष (2012-13) के लिए आर्थिक वृद्धि दर के अनुमान को 5.8 प्रतिशत से घटकर 5.5 फीसदी किया गया।
-रिजर्व बैंक के मौद्रिक रुख से वृद्धि और निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा और ऋण का प्रवाह भी बढ़ेगा।
-मार्च अंत तक के लिए मुद्रास्फीति के अनुमान को 7.5 प्रतिशत से घटाकर 6.8 फीसदी किया गया।
-तीसरी तिमाही का चालू खाते का घाटा 5.4 प्रतिशत से अधिक रहने का अनुमान।
-बैंक दर तत्काल प्रभाव से 8.75 प्रतिशत की गई।
-अगली मौद्रिक नीति की समीक्षा 19 मार्च को आएगी।