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- वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने निजी क्षेत्र और विदेशी बैंकों के खिलाफ बढ़ती शिकायतों पर चिंता व्यक्त करते हुए इन बैंकों को ग्राहक सेवा में सुधार लाने को कहा।
नई दिल्ली: वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने निजी क्षेत्र और विदेशी बैंकों के खिलाफ बढ़ती शिकायतों पर चिंता व्यक्त करते हुए इन बैंकों को ग्राहक सेवा में सुधार लाने को कहा।
मुखर्जी ने फेडरल बैंक के एक कार्यक्रम में कहा, ‘बैंकिंग लोकपाल की नवीनतम सालाना रिपोर्ट को देखकर प्रसन्नता हुई है कि इसमें वर्ष 2010-11 के दौरान ग्राहकों की कुल शिकायतों में पिछले साल के मुकाबले 11 प्रतिशत तक कमी आई है।’ उन्होंने कहा, ‘हालांकि, इसमें निजी क्षेत्र और विदेशी बैंकों के खिलाफ 35 प्रतिशत तक शिकायतें हैं, जबकि इन बैंकों में ग्रामीण क्षेत्र की जमाराशि मात्र 12 प्रतिशत ही है। इसे देखते हुए इन बैंकों को शिकायत निपटान के अपने प्रयास तेज करने होंगे।’
मुखर्जी ने फेडरल बैंक की एक साथ 100 शाखाओं का उद्घाटन करते हुए यह बात कही। केरल स्थित निजी क्षेत्र के फेडरल बैंक की देशभर में फैली 100 शाखाओं को एकसाथ शुरू किया गया।
सब्सिडी के मुद्दे पर मुखर्जी ने कहा कि सीधे सब्सिडी भुगतान के लिए सरकार इलेक्ट्रॉनिक भुगतान प्रणाली को शुरू करने की प्रक्रिया में लगी है। इससे केन्द्र सरकार के खाते से सीधे लाभार्थी के खाते में भुगतान हो सकेगा।
वर्ष 2010-11 में बैंकिंग लोकपाल योजना के तहत बैंकों के खिलाफ 71 हजार 274 शिकायतें प्राप्त हुई जबकि इससे पिछले साल इनके खिलाफ 79 हजार 266 शिकायतें मिलीं थी। रिपोर्ट के अनुसार आईसीआईसीआई बैंक के खिलाफ 6,895, एचडीएफसी बैंक के खिलाफ 5,590 शिकायतें मिलीं।
स्टेण्डर्ड चार्टर्ड बैंक के खिलाफ 2,144 शिकायतें, एचएसबीसी के खिलाफ 1,865, बाक्र्लेज बैंक के खिलाफ 629 और सिटी बैंक एनए के खिलाफ 967 शिकायतें मिलीं।