रिजर्व बैंक के गवर्नर रघुराम राजन
आणंद (गुजरात):
भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर रघुराम राजन ने मंगलवार को कहा कि कोई नहीं जानता कि विदेशी कर पनाहगाह देशों में कितना काला धन जमा है। उन्होंने कहा कि आयकर की निचली दरों से इस तरह के धन पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।
राजन ने एक कार्यक्रम में कहा, हमें इस बात पर ध्यान देने की जरूरत है कि कैसे दूसरे देश में काला धन जमा कराने को रोका जाए। हमें उच्च वर्ग को प्रोत्साहन देने के लिए कर दरों को नीचे लाना चाहिए।
लोगों को देश के बाहर धन जमा कराने से कैसे रोका जाए इस सवाल के जवाब में राजन ने कहा, कोई नहीं जानता कि देश के बाहर कितना काला धन जमा है, क्योंकि इसको लेकर कई तरह की अटकलें चलती रहती हैं।
काले धन पर अंकुश का एक और उपाय सुझाते हुए राजन ने कहा, हमें स्रोत पर ही काले धन पर अंकुश लगाना चाहिए और ऐसे धन को दूसरे देश में छिपाने को मुश्किल करना चाहिए।
रिजर्व बैंक क् गवर्नर ने कहा, पकड़े जाने की संभावना बढ़ने पर काला धन कम होगा। हमें प्रणाली में सुधार करने की जरूरत है और इस धन को पैन कार्ड या आधार कार्ड का इस्तेमाल अनिवार्य कर औपचारिक प्रणाली में लाने की जरूरत है। हालांकि, राजन ने 2 दिसंबर को पेश होने वाली मौद्रिक नीति की समीक्षा संबंधी सवालों को टाल दिया। रिजर्व बैंक पर मौद्रिक समीक्षा में ब्याज दरों में कटौती का दबाव बढ़ रहा है।