खास बातें
- बंबई शेयर बाजार में गिरावट का सिलसिला लगातार तीसरे दिन जारी रहा और सेंसेक्स 51 अंक लुढ़ककर 18,086 अंक पर आ गया।
मुंबई: बंबई शेयर बाजार में गिरावट का सिलसिला लगातार तीसरे दिन जारी रहा और सेंसेक्स 51 अंक लुढ़ककर 18,086 अंक पर आ गया। कंपनियों की आमदनी उम्मीद से कम रहने तथा ब्याज दरें बढ़ने की चिंता से बाजार में बिकवाली का दबाव रहा। बंबई शेयर बाजार का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 51.15 अंक या 0.28 प्रतिशत गिरकर 18,086.20 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह दिन के निचले स्तर 18,020.79 पर आ गया था। इससे पिछले सत्रों में सेंसेक्स में 394 अंक की गिरावट आई थी। इस साल सेंसेक्स करीब 12.5 प्रतिशत टूट चुका है। इसी तरह, नेशनल स्टाक एक्सचेंज का निफ्टी भी 18.35 अंक या 0.34 प्रतिशत टूटकर 5,420.60 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान निफ्टी 5,401.25 अंक तक नीचे आया था। विश्लेषकों के अनुसार, एशियाई और यूरोपीय बाजारों में मजबूती के रुख के बावजूद बाजार में गिरावट का सिलसिला बना हुआ है। रिलायंस इंडस्ट्रीज, भारतीय स्टेट बैंक, टाटा मोटर्स, आईसीआईसीआई बैंक और ओएनजीसी जैसे बड़े शेयरों में बिकवाली से सेंसेक्स नीचे आ गया। ब्रोकरों ने कहा कि यदि एचडीएफसी, आईटीसी, टीसीएस और एचडीएफसी बैंक के शेयरों में लिवाली का जोर नहीं रहता तो यह गिरावट और बड़ी हो सकती थी। पेट्रोल कीमतों में वृद्धि के बावजूद रिफाइनरी शेयरों में मुनाफावसूली का जोर रहा। तेल एवं गैस सूचकांक 175.62 अंक या 1.88 प्रतिशत लुढ़क गया। भारत पेट्रोलियम, हिंदुस्तान पेट्रोलियम, इंडियन आयल कारपोरेशन, गेल इंडिया तथा ओएनजीसी के साथ सेंसेक्स में सबसे ज्यादा भारांश रखने वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर 1.3 प्रतिशत से 4.5 फीसद तक नीचे आए। सार्वजनिक उपक्रमों, फार्मा, वाहन, रीयल्टी और बैंकिंग शेयर भी दबाव में रहे।