खास बातें
- एलआईसी ने कहा कि ऋण के लिए घूस घोटाले में उसकी हाउसिंग इकाई के लिप्त होने से उसका कारोबार प्रभावित नहीं होगा।
रघुनाथगंज (पश्चिम बंगाल): भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) ने कहा कि ऋण के लिए घूस घोटाले में उसकी हाउसिंग इकाई के लिप्त होने से उसका कारोबार प्रभावित नहीं होगा और कंपनी ने चालू वित्तवर्ष में 2 लाख करोड़ रुपये की प्रीमियम आय का लक्ष्य रखा है। यहां एलआईसी-आधार यूआईडी कार्ड पेश करने के लिए आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान एलआईसी के चेयरमैन टीएस विजयन ने कहा, हमने चालू वित्तवर्ष में 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक की प्रीमियम आय का लक्ष्य रखा है। उन्होंने कहा, इसमें 54,000 करोड़ रुपये प्रथम प्रीमियम आय का लक्ष्य है। हमें कारोबार करीब 16.17 प्रतिशत बढ़ने की उम्मीद है और घोटाले का कारोबार पर कोई असर नहीं पड़ेगा। हाल ही में सीबीआई द्वारा एलआईसी और एलआईसी हाउसिंग के अधिकारियों की गिरफ्तारी के मद्देनजर गठित उच्च स्तरीय समिति की रपट के बारे में पूछे जाने पर विजयन ने कहा, मैं समिति की स्थिति पर टिप्पणी नहीं कर सकता, लेकिन अभी तक कोई गड़बड़ी नहीं पाई गई है। इस दौरान भारतीय विशिष्ठ पहचान प्राधिकरण के महानिदेशक आरएस शर्मा ने कहा कि अभी तक 30 लाख यूआईडी नंबर जारी किए जा चुके हैं और अगले चार साल में 60 करोड़ नंबर जारी करने का लक्ष्य है। कार्यक्रम में उपस्थित वित्तमंत्री प्रणब मुखर्जी ने कहा कि यूआईडी परियोजना से सामाजिक कल्याण की योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने में मदद मिलेगी।