खास बातें
- भारत ने चीन से मांग की है कि वह अपने आईटी क्षेत्र को भारतीय कंपनियों को खोलने की प्रतिबद्धता को पूरा करे।
बीजिंग: भारत ने चीन से मांग की है कि वह अपने विशाल आईटी क्षेत्र को भारतीय कंपनियों को खोलने की प्रतिबद्धता को पूरा करे ताकि दोनों देशों में बढ़ते व्यापार अंतर को पाटा जा सके। भारतीय आईटी उद्योग के उच्चस्तरीय प्रतिनिधि मंडल की अगुवाई करते हुए भारत के राजदूत एस जयशंकर ने कहा कि अब समय आ गया है कि चीन अपने बाजारों को खोले जैसा कि भारत ने चीनी उत्पादों के लिए किया। प्रतिनिधि मंडल में नासकाम के अध्यक्ष सोम मित्तल भी हैं। नानजिंग में सातवें चीन अंतरराष्ट्रीय साफ्टवेयर प्रॉडक्ट एक्सपो के उद्घाटन सत्र में उन्होंने कहा, हम ऐसे उद्योग का प्रतिनिधित्व करते हैं जिसने पिछले साल 76 अरब डॉलर की आय अर्जित की और 2020 तक इसके बढ़कर 225 अरब डॉलर होने की उम्मीद है। इसमें 25 लाख लोगों को रोजगार मिला है। यह उद्योग लगभग 70 देशों में 35 विभिन्न भाषाओं में सेवाएं दे रहा है। जयशंकर ने कहा, नानजिंग में हमारी उपस्थिति इस उद्योग के चीन में रुचि की गंभीरता को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि भारत के साथ आईटी संबंधों से चीनी कंपनियों को और अधिक वैश्विक व सक्षम बनने में मदद मिलेगी साथ ही वे भारतीय अर्थव्यवस्था के साथ अपने संबंधों को और प्रगाढ़ बना सकेंगी।