नई दिल्ली: होंडा ने भारत में अपनी नई अकॉर्ड लॉन्च कर दी है. कार नई है, डिज़ाइन नया है, लुक भी नया है. और सबसे ख़ास बात कि ये अकॉर्ड का हाइब्रिड अवतार है. कंपनी ने भारत में पहली बार अकॉर्ड के छठे जेनरेशन को उतारा था और कार शुरुआत में शानदार प्रदर्शन के बाद डीज़ल मार्किट में पिछड़ने लगी, फिर कार पुरानी भी पड़ गई थी. पर अब वक़्त बदला है, मार्किट और ग्राहकों की पसंद बदली है तो अब उन सभी चुनौतियों से निपटने के लिए होंडा लाई है अकॉर्ड का 9वां जेनरेशन, जो पेट्रोल और इलेक्ट्रिक मोटर से चलने वाली हाइब्रिड कार है और इस नई अकॉर्ड हाइब्रिड की दिल्ली में एक्स-शोरूम कीमत है 37 लाख रुपए.
इस कार में पेट्रोल इंजन और इलेक्ट्रिक मोटर लगी है. पेट्रोल इंजन 2 लीटर का है और इलेक्ट्रिक मोटर कुल मिलाकर लगभग 212 हॉर्सपावर की ताक़त देते हैं. और ये इस सेगमेंट की कार के लिए अच्छा आंकड़ा है.
अकॉर्ड हाइब्रिड में लगे स्पोर्ट हाइब्रिड इंटेलिजेंट मल्टी मोड ड्राइव के तहत कार में तीन अलग-अलग पावर के सोर्स काम करते हैं. एक तो है 2 लीटर का पेट्रोल इंजन, और साथ में दो इलेक्ट्रिक मोटर. इन सबके साथ कार तीन मोड में चलती है.
- एक तो है EV Drive मोड, जिसमें कार दौड़ती है लीथियम आयन बैट्री से ताक़त लेकर.
- फिर है हाइब्रिड ड्राइव मोड.. जिसमें पेट्रोल इंजन अपनी ताक़त जेनरेटर मोटर को देता है, जो उस ताक़त को पहियों तक भेजता है.
- तीसरा मोड है इंजिन ड्राइव मोड, जिसमें पेट्रोल इंजन सीधे पहियों में ताक़त भेजता है
अब इस हाइब्रिड सिस्टम की बदौलत अकॉर्ड हाईब्रिड 23.1 किमी प्रतिलीटर का माइलेज देती है. अकॉर्ड को प्रीमियम के साथ-साथ ईको फ्रेंडली बनाना भी एक प्राथमिकता थी, तो इसकी माइलेज उससे मेल खाती है.
और इन सबके बीच ब्रेकिंग से मिलने वाली ताक़त का बैट्री रीचार्ज करने में भी इस्तेमाल होता है. कहा जा रहा है कि ये हाइब्रिड सिस्टम मौजूदा हाइब्रिड कारों से काफ़ी अलग है. लंबी दूरी में इसका बाज़ार में प्रदर्शन कैसा होता है, देखना होगा.
वहीं कार को ज़्यादा प्रीमियम, सुरक्षित और आरामदेह बनाने के लिए होंडा ने फ़ीचर्स की लंबी लिस्ट लगाई है. ABS, EBD, व्हीकल स्टेबिलिटी असिस्ट ट्रैक्शन कंट्रोल के साथ, ब्रेक असिस्ट, हिल स्टार्ट असिस्ट और छह एयरबैग. वहीं, कई एंगल से देखने के लिए कैमरे भी.
इंजन रिमोट स्टार्ट की भी सुविधा है, ताकि कार में घुसने से पहले ही उसे ठंडा कर सकें. कार में मीडिया और इंटरनेट के इस्तेमाल के लिए ऐप्पल कार प्ले और एंड्रॉयड ऑटो भी दिया गया है. तीन साल की अनलिमिटेड किमी की वारंटी है और पांच साल की वारंटी हाइब्रिड बैट्री पर है.
हो सकता है आप सोचें कि पिछली अकॉर्ड जिस क़ीमत रेंज में थी, नई उससे डबल क़ीमत में क्यों आ रही है? तो उसकी वजह है कि इसे सीबीयू के रूट से लाया जा रहा है. तो क़ीमत के हिसाब से बीएमडब्ल्यू के 3 सीरीज़, ऑडी की ए-4 या मर्सिडीज़ की सी-क्लास के टक्कर में आ गई है. पर कार फ़ीचर्स और आराम के हिसाब से प्रीमियम भी बनाई गई है. हो सकता है कि इस सेगमेंट की कारों को छोड़कर ग्राहक अकॉर्ड हाइब्रिड की तरफ़ भी आएं.
वहीं इसका मुक़ाबला जिस कार से फ़िलहाल हो रहा है यानि टोयोटा कि कैम्री हाइब्रिड, उसकी क़ीमत भी अकॉर्ड से तीन लाख के आसपास कम है. ख़ैर... भले ही भारत में हाइब्रिड कारों की ज़्यादा मार्किट नहीं है, पर ये भी सच है कि ग्राहक भले ही पर्यावरण के बारे में वैसे ना सोचें, जैसे विकसित देशों में सोचते हैं, लेकिन वो इसकी किफ़ायत और लग्ज़री वाले पैकेज को पसंद करेंगे. ऐसे में यही लग रहा है कि कंपनी के पास पैकेज तो ज़ोरदार है पर इसे भारत में बनाने या असेंबल करके इसकी क़ीमत को नीचे लाया जा सके, तो हो सकता है ख़ुद को भी चकित कर दें.