खास बातें
- भारत की आर्थिक वृद्धि दर 2009-10 में 7.4 प्रतिशत रही और 31 मार्च को समाप्त हो रहे वित्त वर्ष में इसके 8.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है।
लंदन: पेरिस स्थित आर्थिक सहयोग एवं विकास संगठन (ओईसीडी) का कहना है कि आने वाले महीनों में भारत की आर्थिक वृद्धि दर नरम पड़ सकती है जबकि विकसित देशों की वृद्धि दर अच्छी रहेगी। ओईसीडी के विश्लेषण के अनुसार भारत में आर्थिक गतिविधियों में नरमी के संकेत दिख रहे हैं। यह आकलन ओईसीडी के जारी नवीनतम कंपोजिट लीडिंग इंडिकेटर्स (सीएलआई) पर आधारित है जो किसी अर्थव्यवस्था में तेजी या नरमी का शुरुआती संकेत देते हैं। भारत का सीएलआई जनवरी में घटकर 99.3 रह गया जो पूर्व माह में 99.7 था। इसी तरह चीन का सीएलआई 101.7 से घटकर 101.6 रह गया। ओईसीडी का कहना है कि चीन एवं भारत पर मुद्रास्फीति दबाव भी बन रहा है। भारत में बढ़ती खाद्य कीमतों की ओर संकेत किया गया है। भारत की आर्थिक वृद्धि दर 2009-10 में 7.4 प्रतिशत रही और 31 मार्च को समाप्त हो रहे वित्त वर्ष में इसके 8.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है।