खास बातें
- कारोबारी जगत की प्रतिनिधि संस्था भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआाईआई) ने मंगलवार को देश के आर्थिक विकास के लिए 10 सूत्री एजेंडे का एक प्रस्ताव प्रस्तुत किया।
हैदराबाद: कारोबारी जगत की प्रतिनिधि संस्था भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआाईआई) ने मंगलवार को देश के आर्थिक विकास के लिए 10 सूत्री एजेंडे का एक प्रस्ताव प्रस्तुत किया।
सीआईआई ने वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) को जल्द से जल्द लागू करने का प्रस्ताव रखा और कहा कि इससे आर्थिक विकास दर में डेढ़ फीसदी तक का सुधार हो सकता है।
सीआईआई के राष्ट्रीय अधिवेशन में पेश प्रस्ताव में रेपो दर में 100 आधार अंकों की कटौती, नकद आरक्षित अनुपात में कटौती, उड्डयन क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) की ऊपरी सीमा को और ऊपर करने, बहु ब्रांड खुदरा कारोबार में एफडीआई की अनुमति और मशीनों तथा संयंत्रों में निवेश की अवमूल्यन की गति को बढ़ाकर 25 फीसदी तक करने जैसे अन्य उपाय सीआईआई के प्रस्ताव में शामिल हैं।
राष्ट्रीय अधिवेशन के बाद सीआईआई के अध्यक्ष आदि बी. गोदरेज ने संवाददाता सम्मेलन में कहा, "सौभाग्य से महंगाई का दबाव कम हो रहा है। मौद्रिक प्रोत्साहन के लिए यह सही समय है।"