मोहम्मद यूनुस ने बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार पद से दिया इस्तीफा

युनुस अगस्त 2024 में  शेख हसीना की सरकार गिरने के बाद केयरटेकर नेता बने थे. तब से वे बांग्लादेश के “मुख्य सलाहकार” के रूप में नेतृत्व कर रहे थे.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • बांग्लादेश के अंतरिम नेता मुहम्मद यूनुस ने सोमवार को पद छोड़कर निर्वाचित सरकार को सत्ता सौंप दी है
  • नोबेल शांति पुरस्कार विजेता यूनुस ने लोकतंत्र और मौलिक अधिकारों की प्रक्रिया को जारी रखने का आह्वान किया
  • यूनुस ने कहा कि चुनाव ने देश के युवाओं को राजनीतिक अत्याचार से मुक्त कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।

बांग्लादेश के अंतरिम नेता मुहम्मद यूनुस ने सोमवार को राष्ट्र के नाम अपने विदाई भाषण में पद छोड़ दिया और निर्वाचित सरकार को सत्ता सौंप दी. 85 वर्षीय नोबेल शांति पुरस्कार विजेता ने कहा, "आज अंतरिम सरकार पद छोड़ रही है, लेकिन लोकतंत्र, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और मौलिक अधिकारों की जो प्रक्रिया शुरू हुई है, उसे रोका न जाए." युनुस अगस्त 2024 में  शेख हसीना की सरकार गिरने के बाद केयरटेकर नेता बने थे. तब से वे बांग्लादेश के “मुख्य सलाहकार” के रूप में नेतृत्व कर रहे थे और अब पिछले सप्ताह हुए चुनावों में बांग्लादेश राष्ट्रवादी पार्टी (बीएनपी) और उसके नेता तारिक रहमान की “भारी जीत” पर बधाई देने के बाद सत्ता सौंप रहे हैं.

बांग्लादेश के 236 नये सांसद करोड़पति, 13 अरबपति, 49.83 फीसद कर्जदार

शेख हसीना की सरकार को बताया 'राक्षस'

यूनुस ने कहा, “वह महान मुक्ति का दिन था. कितना आनंदमय दिन था! दुनिया भर में बांग्लादेशी खुशी के आंसू बहा रहे थे. हमारे देश के युवाओं ने इसे एक राक्षस के चंगुल से मुक्त कराया. जनता, मतदाताओं, राजनीतिक दलों और चुनाव से जुड़े हितधारक संस्थानों ने एक सराहनीय उदाहरण प्रस्तुत किया है. इस चुनाव ने भविष्य के चुनावों के लिए एक मिसाल कायम कर दी है.”

तारिक रहमान का शपथ ग्रहण समारोह बांग्लादेश के लिए एक नया मोड़ कैसे? समझिए

अपने काम को बढ़-चढ़कर गिनाया

अब मंगलवार को 60 वर्षीय तारिक रहमान बांग्लादेश में प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे.यूनुस ने आगे कहा, “हमने शून्य से शुरुआत नहीं की, हमने घाटे से शुरुआत की. खंडहरों को साफ करते हुए, हमने संस्थानों का पुनर्निर्माण किया और सुधारों की दिशा तय की.” जनमत संग्रह में यह उल्लेख किया गया था कि अनुमोदन से संविधान “चुनाव जीतने वाली पार्टियों पर बाध्यकारी” हो जाएगा, जिससे उन्हें इसका समर्थन करना होगा. हालांकि, मतदान से पहले कई पार्टियों ने सवाल उठाए, और सुधारों को अभी भी नई संसद द्वारा पुष्टि की आवश्यकता होगी.

ओबामा ने एलियंस को देखा है? US राष्ट्रपतियों के एलियन से संपर्क की बात पर जानिए क्या बोले

वसीम अकरम-वकार यूनुस ने इमरान खान पर दिया बयान तो पाकिस्तानी सरकार ने चली दूसरी चाल

इजरायली पर्यटक से गैंगरेप करने वाले तीनों आरोपियों को मौत की सजा, जानिए कोर्ट ने क्यों माना रेयर ऑफ द रेयरेस्ट केस

Featured Video Of The Day
Sucherita Kukreti | India Vs Pakistan Match: Ishan Kishan ने Pak Bowlers ने की धुआंधार पिटाई!