- लश्कर-ए-तैयबा ने रमजान के दौरान जिहाद के नाम पर फंड जुटाने के लिए "मुक़ाबला-ए-वफ़ा" अभियान शुरू किया है
- यह अभियान 7 मई को मारे गए आतंकियों की याद में चलाया जा रहा है और धन संग्रह पर केंद्रित है
- संगठन की महिला विंग "अल-मोमिनात" के लिए विशेष फंडिंग योजना इस मुहिम का अहम हिस्सा है
रमजान के मौके पर पाकिस्तान में सक्रिय आतंकी संगठन लश्कर‑ए‑तैयबा ने एक नई मुहिम की घोषणा की है. संगठन के आका हाफिज सईद ने इस अभियान को “मुक़ाबला‑ए‑वफ़ा” नाम दिया है, जिसका उद्देश्य जिहाद के नाम पर फंड जुटाना बताया जा रहा है. जानकारी के मुताबिक, इस अभियान के जरिए संगठन से जुड़े नेटवर्क के माध्यम से धन जुटाया जाएगा. बताया जा रहा है कि यह मुहिम 7 मई को मारे गए आतंकियों की याद में चलाई जा रही है.
महिला विंग के लिए विशेष फंडिंग योजना
इस अभियान के तहत लश्कर‑ए‑तैयबा की महिला विंग “अल‑मोमिनात” के लिए विशेष रूप से फंड जुटाने की योजना बनाई गई है. हाफिज सईद के मुताबिक, “अल्लाह के रास्ते में खर्च करने की मुहिम का अब दूसरा दौर शुरू हो चुका है, जिसे मुक़ाबला‑ए‑वफ़ा कहा गया है.” संगठन के संदेश में समर्थकों से अपील की गई है कि 26 और 27 रमज़ान को इस मुहिम के लिए पूरी ताकत लगाई जाए और इस अभियान का सवाब 7 मई को मारे गए आतंकियों को समर्पित किया जाए.
‘अल‑मोमिनात' नेटवर्क को सक्रिय करने की अपील
अभियान में खास तौर पर महिला नेटवर्क अल‑मोमिनात को सक्रिय करने की बात कही गई है, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचकर आर्थिक मदद जुटाई जा सके.














