रमजान में कराची बेहाल, 15 घंटे की अघोषित गैस कटौती, 50% आपूर्ति घटी, जनता में हाहाकार

कराची में रमजान के दौरान 12-15 घंटे की अघोषित गैस कटौती से 70% क्षेत्रों में सप्लाई ठप है. ईरान द्वारा होर्मुज नाकेबंदी से LNG आयात प्रभावित होने पर हालात और बिगड़े. कमजोर प्रेशर व महंगी LPG ने जनता की मुश्किलें बढ़ा दी हैं.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • कराची में रमजान के दौरान 70% से ज्यादा क्षेत्रों में गैस की आपूर्ति लगभग ठप हो गई है.
  • सुई साउदर्न गैस कंपनी के नेटवर्क में गैस प्रेशर कम होने से कई इलाकों में 15 घंटे तक अनघोषित लोडशेडिंग हो रही.
  • स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की नाकेबंदी के कारण LNG आयात बाधित होने से कराची का गैस वितरण तंत्र काफी प्रभावित हुआ है.
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।

रमजान के पवित्र महीने में पाकिस्तान का कराची शहर गैस संकट की मार झेल रहा है. शहर के 70% से अधिक क्षेत्रों में गैस आपूर्ति लगभग ठप हो गई है, जिससे रोजेदारों को सेहरी और इफ्तार तैयार करने में भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है. स्थानीय मीडिया रिपोर्टों और सोशल मीडिया पर शिकायतों से हालात की गंभीरता साफ झलकती है.

अनघोषित गैस कटौती से हाहाकार

सुई साउदर्न गैस कंपनी (SSGC) के नेटवर्क में गैस प्रेशर इतना कम है कि कई इलाकों में 12 से 15 घंटे तक अनघोषित लोडशेडिंग हो रही है. यह तब है जबकि सरकार ने केवल रात के समय कटौती का वादा किया था. गैस न मिलने के कारण लोग मजबूरी में 3,000 से 4,000 रुपये प्रति सिलेंडर की महंगी LPG खरीदने पर मजबूर हैं.

ईरान-संघर्ष का असर: LNG आपूर्ति पर संकट

रिपोर्टों के अनुसार कराची की यह गैस किल्लत ईरान द्वारा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की नाकेबंदी के कारण और गहरी हो गई है, जिससे LNG आयात बुरी तरह प्रभावित हुआ है. पिछले दो हफ्तों से जारी मध्य‑पूर्व संघर्ष के कारण समुद्री मार्ग बाधित होने से शहर का पहले से दबाव झेल रहा गैस वितरण तंत्र चरमरा गया है.

यह भी पढ़ें- ईरान से युद्ध के बीच वेस्ट बैंक में बसे फिलिस्तीनियों पर क्यों कहर बरसा रहा इजरायल? मौत के आंकड़े दे रहे गवाही

Advertisement

बिना घोषणा बदला गया गैस सप्लाई टाइमटेबल

हालात बिगड़ने के बाद SSGC ने चुपचाप एक नया सप्लाई टाइम टेबल लागू कर दिया है.

  • सेहरी के लिए: सुबह 3:30 से 6:00 बजे तक
  • इफ्तार से पहले: शाम 3:30 से 7:00 बजे तक

हालांकि, इन समयों में भी गैस प्रेशर इतना कम रहता है कि सामान्य खाना पकाना लगभग नामुमकिन हो जाता है.

कई इलाके सबसे ज्यादा प्रभावित

क्लिफ्टन, DHA, नॉर्थ कराची, फेडरल बी एरिया, गुलबर्ग और ओरंगी टाउन जैसे कई इलाकों में कई दिनों से गैस बेहद कम प्रेशर में या बिल्कुल नहीं आ रही. लोगों का कहना है कि सप्लाई कुछ ही मिनटों के लिए आती है और उसमें भी प्रेशर इतना कमजोर होता है कि चूल्हा जलाना कठिन हो जाता है.

यह भी पढ़ें- भारत से 45,000 टन डीजल आयात करेगा बांग्लादेश, संबंधों में फिर से दिख रही गरमाहट

महंगाई और रमजान ने बढ़ाई मुश्किलें

गैस संकट के बीच बढ़ी LPG की कीमतों ने घरों का बजट बिगाड़ दिया है. पहले से चल रही महंगाई और रमजान के खर्चों के बीच गैस की किल्लत ने जनता की परेशानी कई गुना बढ़ा दी है. लोग इलेक्ट्रिक स्टोव और अन्य महंगे विकल्प अपनाने को मजबूर हो गए हैं.

Advertisement

SSGC की चुप्पी पर जनता नाराज

नए टाइमटेबल पर न कोई आधिकारिक नोटिस जारी हुआ और न ही किसी तरह की सार्वजनिक जानकारी दी गई। इससे लोगों के लिए अपने रोजाना के कामकाज की योजना बनाना मुश्किल हो गया है. नागरिकों की भारी शिकायतों के बावजूद SSGC ने अब तक कोई स्पष्ट बयान जारी नहीं किया है, जिससे नाराज़गी और बढ़ती जा रही है.

Featured Video Of The Day
Assam Elections 2026:चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद पहली बार असम CM Himanta Biswa Sarma Exclusive