अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार 10वें दिन भी जारी है. अमेरिका ने ईरान के तटीय इलाकों बंदर अब्बास और चाबहार समेत कई शहरों पर लगातार बमबारी की है. अमेरिका का मकसद ईरान की सैन्य क्षमता को कम करना है. पिछले 4 दिनों से सिर्फ सैन्य ठिकानों के साथ-साथ सिविलियन इंफ्रास्ट्रक्चर और लॉजिस्टिक सपोर्ट वाले इलाकों को भी टारगेट किया जा रहा है. ये हमले US सेंट्रल कमांड की निगरानी में हो रहे हैं. जवाब में ईरान ने भी पलटवार किया है और कुवैत, जॉर्डन और बहरीन पर मिसाइल हमले किए हैं. जॉर्डन की सेना ने दावा किया कि उसने ईरान की 3 मिसाइलें मार गिराईं. ईरान पर लगाए जा रहे हमलों के बावजूद उसकी मिसाइल क्षमता कम नहीं हुई है, जिससे अमेरिका को शक है कि रूस और चीन उसे खुफिया जानकारी और मिसाइल टेक्नोलॉजी दे रहे हैं. इसी बीच यमन के हूथी विद्रोहियों ने सना एयरपोर्ट पर हुए हमले के जवाब में सऊदी अरब के खिलाफ तुरंत समुद्री नाकेबंदी लागू करने का ऐलान कर दिया है. इससे पूरे खाड़ी क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है.