Hardoi School Principal Viral Video: उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले के एसपी तिराहा स्थित न्यू सनबीम पब्लिक स्कूल में अभिभावक नीलम वर्मा के साथ हुई अभद्रता ने पूरे जिले में हड़कंप मचा दिया है. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में स्कूल प्रिंसिपल एक महिला को डांटते और अपमानित करते हुए दिख रही हैं. इसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया. पूरे प्रकरण पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. अजित सिंह ने संज्ञान लेते हुए तत्काल जांच के आदेश दे दिए हैं. उन्होंने तीन सदस्यीय टीम गठित की है, जिसमें खंड शिक्षा अधिकारी शामिल हैं और साफ कहा है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर सख्त कार्रवाई की जाएगी.
पूरी घटना की शुरुआत तब हुई जब न्यू सिविल लाइन के रहने वाले अंश कुमार वर्मा की पत्नी नीलम वर्मा 24 अप्रैल को अपनी यूकेजी में पढ़ने वाली बेटी अलीशा वर्मा को लेने स्कूल पहुंची थीं. उनके अनुसार, उन्होंने पहले ही स्कूल द्वारा निर्धारित कोर्स खरीद लिया था, लेकिन बाद में अचानक स्कूल प्रबंधन ने ₹1200 की चार कॉपियां केवल स्कूल से ही खरीदने का दबाव बनाया. उनकी बेटी कई दिनों से बिना होमवर्क के घर लौट रही थी.
बच्ची को नहीं मिल रहा था होमवर्क
जब नीलम वर्मा ने कारण पूछा तो बच्ची ने बताया कि नई कॉपियां न होने के चलते उसे काम नहीं दिया जा रहा. इसी समस्या के समाधान और कुछ समय की मोहलत मांगने के लिए नीलम वर्मा प्रिंसिपल ममता मिश्रा से मिलने पहुंचीं.
वीडियो में भी साफ तौर पर देखा जा सकता है कि एक महिला को लगातार डांटा जा रहा है. इस घटना ने न सिर्फ एक मां की गरिमा को ठेस पहुंचाई, बल्कि निजी स्कूलों की कार्यशैली पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
सार्वजनिक रूप से माफी मांगें प्रिंसिपल
मामले को लेकर नीलम वर्मा ने आईजीआरएस पोर्टल के माध्यम से जिलाधिकारी से शिकायत दर्ज कराई है. साथ ही मांग की है कि प्रिंसिपल उनसे सार्वजनिक रूप से माफी मांगें और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए. उन्होंने साफ कहा, "मैं पैसे देने से इनकार नहीं कर रही थी, बस थोड़ा समय चाहती थी, लेकिन मेरे साथ जो हुआ वो किसी भी मां के साथ नहीं होना चाहिए." उनका यह भी कहना है कि अगर गरीब अभिभावकों के साथ ऐसा व्यवहार किया जाएगा तो शिक्षा व्यवस्था पर भरोसा कैसे कायम रहेगा.
उधर, मामला तूल पकड़ता देख महिला प्रिंसिपल ने एक वीडियो जारी करते हुए अपनी सफाई दी है.
गंवार और मूर्ख जैसे शब्द कहे
पीड़िता नीलम वर्मा ने बताया कि बातचीत के दौरान प्रिंसिपल ममता मिश्रा का रवैया अचानक आक्रामक हो गया और अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया. पीड़िता के मुताबिक, उन्हें गंवार और मूर्ख सहित जैसे आपत्तिजनक शब्द बोले सबके सामने अपमानित किया गया. इतना ही नहीं, उनके बच्चे का नाम स्कूल से काटने की धमकी भी दी गई.
बीएसए ने दिया कार्रवाई का आश्वासन
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ अजित सिंह ने बताया कि प्रकरण का वीडियो वायरल होने के बाद संबंधित स्कूल को वर्ष 2009 में मान्यता दी गई थी और 2014 में कक्षा 6 से 8 तक की स्वीकृति भी दी गई थी. उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि जांच में शिक्षा का अधिकार (RTE) अधिनियम या अन्य नियमों का उल्लंघन पाया गया तो स्कूल की मान्यता पर भी कार्रवाई हो सकती है. फिलहाल, तीन सदस्यीय जांच टीम को निर्देश दिए गए हैं कि वे सभी पहलुओं की गहराई से जांच कर रिपोर्ट जल्द प्रस्तुत करें.














