- उत्तर प्रदेश में मकर संक्रांति के बाद योगी आदित्यनाथ की कैबिनेट में फेरबदल की संभावना जताई जा रही है.
- कैबिनेट विस्तार में जातीय, क्षेत्रीय और सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखते हुए छह खाली पद भरे जाएंगे.
- अति पिछड़े, अनुसूचित जाति, ब्राह्मण और जाट समाज से नए मंत्रियों को शामिल करने की योजना है.
उत्तर प्रदेश में योगी कैबिनेट में फेरबदल की सुगबुगाहट तेज हो गई है. नए साल में पहली बार CM योगी आदित्यनाथ दिल्ली आकर पीएम मोदी से मिले. यह मुलाकात करीब एक घंटे चली. इस बीच, दोनों उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और बृजेश पाठक भी दिल्ली में अलग-अलग मुलाकातों में व्यस्त रहे.
माना जा रहा है कि मकर संक्रांति के बाद उत्तर प्रदेश में योगी कैबिनेट में फेरबदल हो सकता है. राज्य में इस साल पंचायत चुनाव होने हैं और अगले साल विधानसभा चुनाव. इससे पहले सरकार और संगठन को दुरुस्त किया जा रहा है. प्रदेश अध्यक्ष के तौर पर केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी का चुनाव हो चुका है. वे ओबीसी कुर्मी समाज से आते हैं. इस तरह बीजेपी ने सामान्य वर्ग के सीएम और डिप्टी सीएम और ओबीसी वर्ग के दूसरे सीएम और प्रदेश अध्यक्ष के साथ सामाजिक समीकरणों को साधा है. अब बारी है संगठन और सरकार में अन्य समीकरणों को साधने की.
सूत्रों के अनुसार योगी कैबिनेट के संभावित विस्तार में जातीय, क्षेत्रीय और सामाजिक समीकरणों को साधा जाएगा. अभी 6 स्थान खाली हैं. कुछ मौजूदा मंत्रियों को हटाने की भी बात है. आने वाले चुनावों को देखते हुए अति पिछड़े और अनुसूचित जाति वर्ग से मंत्री बनाने की बात है. ब्राह्मणों को भी अधिक नुमाइंदगी मिल सकती है. जाट से भी मंत्री हो सकते हैं. अभी 5 महिला मंत्री हैं. यह संख्या और बढ़ सकती है.
वहीं, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेन्द्र चौधरी को भी फिर से कैबिनेट में जगह मिलने की बात है. महेंद्र सिंह, साध्वी निरंजन ज्योति, पूजा पाल और मनोज पांडेय के नाम भी लिए जा रहे हैं. सूत्रों के अनुसार नए मंत्री बनाते समय क्षेत्रीय समीकरण भी साधे जाएंगे. बीजेपी के संगठन के अनुसार अठारह मंडल है और हर मंडल की मज़बूत नुमाइंदगी सुनिश्चित होगी. इसके लिए कुछ चेहरे इधर-उधर भी हो सकते हैं.
CM योगी ने अपनी दिल्ली यात्रा में पार्टी अध्यक्ष जे पी नड्डा और कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन से भी मुलाकात की है. वहीं, उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने संगठन महासचिव बी एल संतोष से मुलाकात की.














