Instagram End to End Encryption: 8 मई 2026 से इंस्टाग्राम (Instagram) ने अपने DMs (डायरेक्ट मैसेज) के लिए End‑to‑End Encryption (E2EE) की सुविधा हटा दी है. इसका मतलब यह है कि अब आपके मैसेज पहले की तरह पूरी तरह एन्क्रिप्टेड और सुरक्षित नहीं रहेंगे. Meta ने यह कदम ऑनलाइन सुरक्षा को मजबूत करने और हानिकारक या अवैध कंटेंट की पहचान बेहतर करने के लिए उठाया है, ताकि जरूरत पड़ने पर कानून प्रवर्तन एजेंसियां कार्रवाई कर सकें. इसी कड़ी में आज हम आपको बताने जा रहे हैं कि प्राइवेसी मेनटेन रखने के लिए यूजर्स को किन बातों का ध्यान रखना होगा. आइए जानते हैं...
यह भी पढ़ें: Delhi Lok Adalat: पेंडिंग चालानों का कर लें निपटारा, दिल्ली में आज लगेगी लोक अदालत, यहां जानें जरूरी डिटेल्स
एंड टु एंड एन्क्रिप्शन हटने से क्या होगा?
एंड टु एंड एन्क्रिप्शन की मदद से आपके मैसेज आप और रिसीवर ही पढ़ सकते हैं. लेकिन अब मेटा (Meta) ने इस सपोर्ट को इंस्टाग्राम के लिए डिस्कंटीन्यू कर दिया है. इसका मतलब है कि अब यूजर्स का डाटा प्लेटफॉर्म पर नॉन एन्क्रिप्शन फॉर्मेट में पड़ा रहेगा. सरकार की सेफ्टी प्रोटोकॉल के मुताबिक एन्क्रिप्शन हटाने का मतलब है कि यूजर्स का सेंसिटिव डाटा जैसे पासवर्ड, प्राइवेट फोटोज, फाइनेंशियल डिटेल्स अब पहले जैसे सिक्योर नहीं है. यही डाटा अब स्कैमर्स के लिए बड़ा टारगेट भी हो सकता है.
प्राइवेसी के लिए यूजर्स किन बातों का रखें ध्यान
इंस्टाग्राम से एंड टु एंड एन्क्रिप्शन हटने के बाद यूजर्स को प्राइवेसी के लिए कुछ बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है. इसकी जानकारी इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर ने अपने आधिकारिक X हैंडल से शेयर कर दी है. आइए जानते हैं...
- पर्सनल या सेंसिटिव जानकारी शेयर करने के लिए हमेशा Fully Encrypted प्लेटफॉर्म्स का ही इस्तेमाल करें.
- अपने पुराने एन्क्रिप्टेड चैट्स का डाटा डाउनलोड करें और अनावश्यक चैट्स को डिलीट कर दें.
- पासवर्ड, OTP, बैंक डिटेल्स या सेंसिटिव फोटोज को इंस्टाग्राम DMs पर शेयर करने से बचें.
यह भी पढ़ें: Aadhaar Biometric Update: छात्रों के लिए आधार बायोमेट्रिक अपडेट क्यों जरूरी है? जानिए कैसे करें अपडेट














