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​जब मैंने पहली बार अपनी बेटी के साथ किया ट्रेन का सफर! इन 5 टिप्स ने हमारे सफर को बनाया यादगार और टेंशन-फ्री...

Train Travel With My Daughter: बच्चों के साथ सफर करना आसान नहीं होता है. पहली बार मेरे साथ भी ऐसा ही हुआ था. इस आर्टिकल में जानें मैंने कैसे अपनी बेटी के साथ सफर को बनाया यादगार.

​जब मैंने पहली बार अपनी बेटी के साथ किया ट्रेन का सफर! इन 5 टिप्स ने हमारे सफर को बनाया यादगार और टेंशन-फ्री...
How To Handle My Daughter In Train: पहली बार ट्रेन में सफर करने से पहले इन बातों का रखें ध्यान. (AI Generated Image)

How To Handle My Daughter In Train: गर्मियों की छुट्टियां और ट्रेन का सफर हमेशा ही रोमांचक होता है. लेकिन, अगर आप पहली बार अपने छोटे बच्चों के साथ ट्रेन से कहीं जा रहे हैं, तो यह रोमांच थोड़ा डर और घबराहट में भी बदल सकता है. "बच्चा रोएगा तो नहीं?", "खाना क्या खिलाऊंगी?", "साफ-सफाई कैसे होगी?" ये सवाल हर मां के मन में चलते हैं. मेरे साथ भी ऐसा ही हुआ था जब मैं अपनी बेटी को ट्रेन से सफर करा रही थी. क्योंकि सफर थोड़ा लंबा था, दिल्ली से अहमदाबाद का जब वो अपनी मौसी के पास जा रही थी. लेकिन, अब थोड़ी सी प्लानिंग और सूझबूझ के साथ जब भी मैं अपनी बेटी के साथ सफर करती हूं तो यकिन मानों मुझे और उसे सफर का पता ही नहीं चलता कि कैसे समय निकल जाता है. तो अगर आप भी बच्चे के साथ सफर का प्लान बना रहे हैं, तो इन टिप्स को आप भी अपना सकते हैं.

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अपनी बेटी के साथ सफर को आसान बनाने के लिए मैंने अपनाए ये तरीके- 

​​1. खाने-पीने का समान- 

​ट्रेन का खाना हमेशा बच्चों के पेट के लिए सही नहीं होता. इसलिए मैं अपनी बेटी के लिए घर की बनी हेल्दी चीजें लेकर जाती हूं. जैसे- भुने हुए मखाने, फल (केला या सेब), बिस्कुट, और घर की बनी पूड़ी-सब्जी. इसके अलावा, ओआरएस (ORS) या ग्लूकोज भी रखती हूं ताकि मेरी बेटी हाइड्रेटेड रहे. पानी की एक्स्ट्रा बॉटल रखती हूं. 

2. सफाई- 

​ट्रेन में जर्म्स और बैक्टीरिया का डर सबसे ज्यादा रहता है. इसलिए मैं अपने साथ हमेशा हैंड सैनिटाइजर, लिक्विड सोप और 'टॉयलेट सीट सैनिटाइजर स्प्रे रखती हूं. समय-समय पर उसके हाथ मैं गीले वाइप्स से पोंछती रहती हूं.

3. बिजी रहने के लिए-

​ट्रेन का लंबा सफर बेटी को चिड़चिड़ा न बना दे इसलिए मैं उसे बिजी रखने के लिए कलरिंग बुक, खिलौने, पजल गेम लेकर जाती हूं ताकि वो खुद को व्यस्त रख सकें. साथ ही दूसरे पैसेंजर भी परेशान न हों. 

4. कपड़े- 

​ट्रेन के अंदर का तापमान थोड़ा ज्यादा होता है. फस्ट एसी में सफर के दौरान में लेयर्स या फुल कपड़े पहनाती हूं. साथ ही अपने साथ एक हल्का जैकेट और एक्स्ट्रा कपड़े बैग में रखती है डाइपर के साथ.

​5. दवाइयां- 

जब मैं अपनी बेटी के साथ ​सफर करती हूं तो सबसे जरूरी चीज रखना कभी नहीं भूलती वो हैं दवाएं. बुखार, पेट दर्द, उल्टी या दस्त की दवाइयां हमेशा साथ लेकर जाती हैं. 

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