Diabetes friendly thali : डायबिटीज में खाना छोड़ना जरूरी नहीं है, बल्कि सही तरीके से खाना जरूरी है. आज हम आपको बताएंगे कि आप अपनी रोज की थाली को कैसे 'डायबिटीज फ्रेंडली' बना सकते हैं, ताकि स्वाद भी बना रहे और शुगर लेवल भी न बढ़े. तो बिना देर किए आइए जानते हैं...
यह भी पढ़ें - योग के ये 10 नियम बदल देंगे आपकी जिंदगी: सिर्फ कसरत नहीं, जीने का सही तरीका है योग
अपनी थाली को दो हिस्सों में बांटें. थाली के आधे हिस्से में सिर्फ सब्जियां होनी चाहिए. इसमें आप खीरा, ककड़ी, पालक, मेथी, लौकी, तोरई या सलाद रख सकते हैं. इनमें फाइबर ज्यादा होता है, जो खून में शुगर को धीरे-धीरे सोखने में मदद करता है.
2. कार्बोहाइड्रेट की मात्रा घटाएंहम भारतीयों की थाली में रोटी और चावल सबसे ज्यादा होते हैं. लेकिन शुगर में इसकी मात्रा कम करनी होगी. थाली के एक चौथाई हिस्से में ही अनाज रखें. मैदे की जगह चोकर वाली रोटी, मल्टीग्रेन आटा या ब्राउन राइस का इस्तेमाल करें. अगर आप चावल खा रहे हैं, तो रोटी न खाएं.
थाली का बचा हुआ एक चौथाई हिस्सा प्रोटीन के लिए रखें. इसमें दाल, गाढ़ा दही, पनीर, सोयाबीन या अगर आप नॉन-वेज खाते हैं तो अंडा या मछली ले सकते हैं. प्रोटीन खाने से पेट देर तक भरा रहता है और बार-बार भूख नहीं लगती.
4. सही तेल का करें यूजसब्जी बनाने के लिए रिफाइंड तेल की जगह सरसों का तेल या जैतून का तेल (Olive Oil) इस्तेमाल करें. ज्यादा तले-भुने खाने से बचें. खाने में दालचीनी, मेथी दाना और हल्दी का इस्तेमाल बढ़ाएं, क्योंकि ये शुगर कंट्रोल करने में नैचुरल तरीके से मदद करते हैं.
खाने के तुरंत बाद मीठा खाने की आदत छोड़ दें. अगर कुछ मीठा खाने का मन है, तो दोपहर के समय कोई भी एक मौसमी फल खाएं. साथ ही, दिन भर में कम से कम 8-10 गिलास पानी जरूर पिएं.
इस बात का रखें ध्यानरात का खाना सोने से कम से कम 2-3 घंटे पहले खा लें. खाने के बाद 15 मिनट की वॉक डायबिटीज मैनेज करने में अहम भूमिका निभाती है.
(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)














