अमृतसर में चौथे गुरु रामदास जी के प्रकाश पर्व पर रोशन हुआ Golden Temple, श्रद्धालुओं का उमड़ा सैलाब

Guru Ramdas Ji Prakash Parv: गुरु रामदास जी ने अमृतसर में हरमिंदर साहिब, जोकि स्वर्ण मंदिर के रूप में प्रसिद्ध है, की नींव रखी थी और इसे सिक्ख समुदाय के सामाजिक और धार्मिक केन्द्र के रूप में स्थापित किया. 

विज्ञापन
Read Time: 15 mins
Gurpurab: स्वर्ण मंदिर में गुरु रामदास जी के प्रकाश पर्व पर धूम देखने को मिली.
अमृतसर:

बीते दिन 30 अक्टूबर को गुरु नगरी अमृतसर को बसाने वाले और सिक्खों के चौथे गुरु रामदास जी (Guru Ramdas Ji) का प्रकाश पर्व मनाया गया था. इस मौके पर स्वर्ण मंदिर (Golden Temple) करीब 20 टन फूलों और जगमगाती लड़ियों से सजाया गया था और शाम के समय आसमान में आतिशबाजी देखने को मिली. इस मौके पर लाखों श्रद्धालुओं ने मंदिर का रुख किया और स्वर्ण मंदिर में श्रद्धालुओं का सैलाब देखने को मिला. श्रद्धालुओं ने श्री दरबार साहिब में मत्था टेका और आस्था की पवित्र डुबकी लगाई. 

Diwali 2023: इस साल 12 या 13 नवंबर कब मनाई जाएगी दीवाली, जानिए पूजा का शुभ मुहूर्त

सिक्खों के चौथे गुरु रामदास जी का जन्म 24 सिंतबर के दिन वाराणसी में हुआ था. उन्होंने सिक्ख समुदाय के लिए समृद्ध और सामर्थ्यपूर्ण संस्थानों की स्थापना की और धार्मिक व सामाजिक सुधारों में योगदान दिया. उन्होंने अमृत्सर में हरमिंदर साहिब, जोकि स्वर्ण मंदिर के रूप में प्रसिद्ध है, की नींव रखी थी और इसे सिक्ख समुदाय के सामाजिक और धार्मिक केन्द्र के रूप में स्थापित किया. 

November Festivals 2023: करवा चौथ से लेकर दीवाली और भैया दूज इस दिन हैं नवंबर में, देखिए सभी त्योहारों की लिस्ट

Advertisement

गुरु रामदास जी ने बचपन में ही सत्संगी लोगों के साथ ही गुरु अमरदास जी के दर्शन किए और उनकी सेवा में पहुंचे थे. गुरु रामदास जी से गुरु अमरदास जी ने अपनी बेटी का विवाह कराया था और शादी के बाद भी गुरु रामदास जी लोगों की सेवा में लगे रहे थे. 

Advertisement

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. एनडीटीवी इसकी पुष्टि नहीं करता है.)

Amritsar: चौथे गुरु रामदास जी के प्रकाश पर्व पर रोशन Golden Temple, श्रद्धालुओं का उमड़ा सैलाब

Featured Video Of The Day
Trump's Reciprocal tariffs: Donald Trump के Tariff Plan का पूरा निचोड़, 5 आसान सवाल-जवाब से समझें
Topics mentioned in this article