खास बातें
- नार्वे की कम्पनी टेलीनॉर ने इन खबरों को खारिज किया कि वह सर्वोच्च न्यायालय द्वारा दूरसंचार लाइसेंस रद्द करने के कारण भारत छोड़ देगी।
नई दिल्ली: नार्वे की कम्पनी टेलीनॉर ने इन खबरों को खारिज किया कि वह सर्वोच्च न्यायालय द्वारा दूरसंचार लाइसेंस रद्द करने के कारण भारत छोड़ देगी। कम्पनी ने कहा कि उसके संयुक्त उद्यम यूनीनॉर की सेवाएं पूरे जोर शोर से चल रही हैं और जारी रहेंगी।
कम्पनी ने कहा कि नार्वे की सरकार स्थितियों पर नजर रखे हुए है और हल की तरफ बढ़ने में सहायता करेगी।
टेलीनॉर ने एक बयान में कहा, "टेलीनॉर समूह यह स्पष्ट करना चाहता है कि यूनीनॉर की सेवाएं जारी हैं। हमारा लक्ष्य देश में हमारे वैधानिक निवेश को सुरक्षित करना है। हम एक स्पष्ट हल के लिए सरकार की तरफ देख रहे हैं।"
कम्पनी ने बताया, "नार्वे की सरकार ने घोषणा की है कि वह स्थितियों की निगरानी कर रही है और भारत में टेलीनॉर के निवेश एवं उसकी उपस्थिति को सुरक्षित करने के लिए सक्रिय भागीदारी करेगा।"
भारत में कम्पनी के 3 करोड़ 60 लाख से अधिक उपभोक्ता हैं। इससे पहले एक अंतर्राष्ट्रीय समाचार एजेंसी ने अपनी रपट में बताया कि सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद टेलीनॉर बिना नये नियमों का इंतजार किए भारत छोड़ सकता है।