खास बातें
- केंद्रीय बैंक ने कहा, 2010-11 के बाद घरेलू वृद्धि की रफ्तार स्थिर रहेगी, हालांकि सकल घरेलू उत्पाद की वृद्धि दर में कुछ कमी आएगी।
Mumbai: भारतीय रिजर्व बैंक का मानना है कि अगले वित्तवर्ष में आर्थिक वृद्धि कुछ हल्की पड सकती है। हालांकि, केंद्रीय बैंक ने मौद्रिक नीति समीक्षा में चालू वित्तवर्ष के आर्थिक वृद्धि अनुमान को 8.5 प्रतिशत पर बरकरार रखा है। केंद्रीय बैंक ने कहा, 2010-11 के बाद घरेलू वृद्धि की रफ्तार स्थिर रहेगी, हालांकि सकल घरेलू उत्पाद की वृद्धि दर में कुछ कमी आएगी। महंगाई के बारे में केंद्रीय बैंक ने कहा कि 2011-12 की पहली तिमाही में इसमें कमी आएगी। रिजर्व बैंक ने हालांकि साथ ही कहा है कि वैश्विक वातावरण में महंगाई बढ़ाने वाले कुछ जोखिम दिखाई दे रही है। घरेलू मोर्चे पर भी ये जल्द दिखाई दे सकते हैं। केंद्रीय बैंक ने चालू वित्तवर्ष के अंत तक महंगाई की दर के अनुमान को बढ़ाकर 7 प्रतिशत कर दिया है। पहले बैंक ने मुद्रास्फीति की दर 5.5 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया था। केंद्रीय बैंक ने जीडीपी दर के बारे में यह अनुमान ऐसे समय लगाया है कि जब ऐसी चर्चा हो रही है कि जून तिमाही में भारत-चीन की 10.3 प्रतिशत की आर्थिक वृद्धि दर के मुकाबले दो अंक की वृद्धि दर हासिल कर सकता है।