खास बातें
- सरकार ने शुक्रवार को कहा कि डाक विभाग पिछले तीन साल से घाटे में चल रहा है और डाकघरों के ढांचे के निजीकरण का उसका कोई इरादा नहीं है।
New Delhi: सरकार ने शुक्रवार को कहा कि डाक विभाग पिछले तीन साल से घाटे में चल रहा है और डाकघरों के ढांचे के निजीकरण का उसका कोई इरादा नहीं है। संचार राज्य मंत्री सचिन पायलट ने कहा कि 2010-11 में डाक विभाग को 6345.62 करोड़ रुपये का घाटा हुआ, जबकि 2009-10 में 6641.30 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था। पायलट ने प्रभात झा के सवालों के लिखित जवाब में राज्यसभा को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि देश में डाकघर के ढांचे के निजीकरण का कोई प्रयास नहीं किया जा रहा है।