खास बातें
- मंगलवार शाम को होने वाली राजनीतिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीपीए) की बैठक स्थगित हो जाने से ईंधन मूल्य पर फैसला आगे के लिए टल गया।
नई दिल्ली: मंगलवार शाम को होने वाली राजनीतिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीपीए) की बैठक स्थगित हो जाने से ईंधन मूल्य पर फैसला आगे के लिए टल गया।
सूत्रों ने कहा कि बैठक इसलिए स्थगित की गई क्योंकि सत्ताधारी गठबंधन के कुछ सदस्य फैसले के पक्ष में नहीं थे, क्योंकि उनके राज्यों में इस साल के आखिर में चुनाव होने हैं।
सुबह पेट्रोलियम मंत्री जयपाल रेड्डी ने कहा था कि तेल वितरण कम्पनियों को हो रहे घाटे को कम करने के लिए डीजल, रसोई गैस और मिट्टी के तेल की कीमत बढ़ाना जरूरी है।
यहां एक आयोजन के दौरान रेड्डी ने संवाददाताओं से कहा था, 'जैसा कि मैंने पहले कहा है तेल उत्पादों कष्टकर और कठिन फैसला लेना होगा। कीमत बढ़ाने को टाला नहीं जा सकता है।' उन्होंने कहा, 'ग्राहक इसे किस तरह लेते हैं यह अलग मामला है।'
सरकारी तेल विपणन कम्पनियों को वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की ऊंची कीमत के कारण रोजाना 550 करोड़ रुपये का घाटा हो रहा है।