अमेरिका में महंगाई की मार! पेट्रोल-डीजल से लेकर खाने-पीने की चीजों के बढ़े दाम, अब आगे एक और महा-संकट

US Inflation March 2026 Impact Policy Rate: अमेरिका में मार्च की महंगाई दर 3.3% पर पहुंची. ईरान युद्ध के चलते गैस की कीमतों में 60 साल की सबसे बड़ी तेजी. जानें क्यों अब यूएस फेड ब्याज दरों में कटौती नहीं करेगा और आम जनता पर इसका क्या असर होगा.

विज्ञापन
Read Time: 4 mins
US Inflation Rises: अमेरिका में महंगाई की मार से आम लोग परेशान हैं.

After US Inflation US Fed Policy Rate Decision Ahead: दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था अमेरिका इस वक्त महंगाई के एक ऐसे चक्रव्यूह में फंस गई है, जिसने न केवल आम जनता का बजट बिगाड़ दिया है, बल्कि नीति निर्माताओं की रातों की नींद भी उड़ा दी है. शुक्रवार को अमेरिकी 'ब्यूरो ऑफ लेबर स्टैटिस्टिक्स' द्वारा जारी मार्च महीने के उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) के आंकड़ों ने अर्थशास्त्रियों को चौंका दिया है. ताजा रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका में महंगाई ने पिछले 4 साल के रिकॉर्ड को ध्वस्त कर दिया है.

मार्च में उपभोक्ता कीमतों में पिछले साल के मुकाबले 3.3% की भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई, जबकि फरवरी में यह आंकड़ा महज 2.4% था. महीने-दर-महीने के आधार पर देखें तो कीमतें फरवरी के मुकाबले 0.9% बढ़ी हैं, जो 2022 के बाद की सबसे बड़ी मासिक वृद्धि है.

चार्ट में देखिए

ईरान युद्ध और 'गैस प्राइस शॉक'

महंगाई के इस विस्फोट का सबसे बड़ा विलेन 'ईरान युद्ध' और ऊर्जा संकट को माना जा रहा है. ईरान के साथ चल रहे संघर्ष के कारण वैश्विक तेल आपूर्ति बाधित हुई है, जिसका सीधा असर अमेरिकी पेट्रोल पंपों पर दिख रहा है.

  • मार्च में गैस की कीमतों में पिछले 60 साल (6 दशक) की सबसे बड़ी मासिक छलांग लगी है.
  • गैस की औसत कीमत अब $4.17 प्रति गैलन तक पहुंच गई है, जो पिछले महीने की तुलना में 69 सेंट अधिक है.
  • कुल महंगाई की वृद्धि में अकेले ऊर्जा कीमतों का योगदान तीन-चौथाई रहा है.

आम आदमी पर भारी संकट  

आमतौर पर अर्थशास्त्री 'कोर इन्फ्लेशन' (खाद्य और ऊर्जा को छोड़कर) पर ध्यान देते हैं, जो मार्च में 2.6% रही. लेकिन आम नागरिक के लिए यह तर्क बेमानी है. आम लोगों के लिए अंडे, हीटिंग ऑयल और पेट्रोल की कीमतें सबसे ज्यादा मायने रखती हैं क्योंकि इनके बिना जीवन मुमकिन नहीं है. विशेषज्ञों का मानना है कि जब माल ढुलाई (डीजल ट्रक्स) महंगी होगी, तो आने वाले हफ्तों में खाने-पीने की चीजों और अन्य सेवाओं (जैसे एयरलाइन और डिलीवरी चार्ज) के दाम भी तेजी से बढ़ेंगे. अमेजन और यूपीएस जैसी कंपनियां पहले ही 'फ्यूल सरचार्ज' लगाना शुरू कर चुकी हैं.

Advertisement

आगे बड़ा संकट: ब्याज दरों पर राहत की उम्‍मीद टूटी 

महंगाई के इस झटके ने अमेरिकी केंद्रीय बैंक (US Federal Reserve) की रणनीति को पूरी तरह पलट दिया है.

  • ब्याज दरों में कटौती टली: पहले उम्मीद थी कि साल की शुरुआत में ब्याज दरें कम होंगी, लेकिन अब निवेशक मान रहे हैं कि 2027 के अंत तक राहत की कोई उम्मीद नहीं है.
  • कर्ज होगा और महंगा: अगर महंगाई काबू में नहीं आई, तो ब्याज दरों (फिलहाल 3.6%) को और बढ़ाया जा सकता है. इससे घर, कार और बिजनेस लोन लेना और महंगा हो जाएगा.
  • मंदी की आहट: ऊंची कीमतें लोगों की खर्च करने की क्षमता को कम कर रही हैं, जिससे आर्थिक विकास धीमा हो सकता है और छंटनी (Layoffs) का खतरा बढ़ सकता है.

राजनीतिक चुनौती और मंदी का डर

राष्ट्रपति ट्रंप के लिए यह स्थिति एक बड़ी राजनीतिक चुनौती बन गई है. गिरता उपभोक्ता विश्वास आने वाले चुनावों में सरकार के लिए मुश्किलें खड़ी कर सकता है. ब्‍लूमबर्ग के मुताबिक, अर्थशास्त्री इस संकट की तुलना 1990-91 के दौर से कर रहे हैं, जब खाड़ी युद्ध के कारण तेल की कीमतें बढ़ी थीं और अमेरिका मंदी की चपेट में आ गया था. मार्च के आंकड़ों ने यह साफ कर दिया है कि यदि ईरान युद्ध लंबा खिंचता है, तो न केवल अमेरिका बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था को एक लंबे ऊर्जा संकट और कष्टदायक महंगाई के लिए तैयार रहना होगा.

ये भी पढ़ें: बिजली भी बनेगी, ईंधन भी बढ़ेगा! जानिए अभी कितना उत्‍पादन और कैसे पूरा होगा 100GW का लक्ष्‍य?

ये भी पढ़ें: कोई मलबे में तब्‍दील, कोई डूबा बेहिसाब, ईरान-इजरायल-अमेरिका जंग में कौन-सा देश कितना बर्बाद हुआ? 

Featured Video Of The Day
Syed Suhail | Iran Israel War: PAK का खेल बिगाड़ेंगे Netanyahu? Trump |Bharat Ki Baat Batata Hoon