बिहार में साइबर अपराध इस कदर बढ़ रहा है कि आम लोग तो छोड़े जिले डीएम भी इसके शिकार हो रहे हैं. गोपालगंज के डीएम पवन कुमार सिन्हा का इन दोनों साइबर अपराधियों ने सोशल मीडिया अकाउंट हैक कर लिया है. उनके सोशल मीडिया अकाउंट को हैक करने के बाद साइबर अपराधियों ने उनके फेसबुक अकाउंट का क्लोन (डुप्लीकेट) अकाउंट बनाया और फिर उसके माध्यम से लोगों के पास फ्रेंड रिक्वेस्ट भेज रहे है. अब सूचना है कि साइबर अपराधियों के द्वारा फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजने के बाद लोगों से धन उगाही की भी कोशिश की जा रही है. कुछ लोग इसे डीएम का असली अकाउंट समझकर मैसेंजर कर चैटिंग भी शुरू कर दी और असली अकाउंट समझकर डीएम से निजी लाभ के लिए संपर्क करना भी शुरू कर दिया.
हालांकि बाद में इसकी सूचना किसी तरह से गोपालगंज के डीएम को मिली, और इसके बाद डीएम ने जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी (डीपीआरओ) को इस मामले में FIR दर्ज करने के आदेश दिए हैं.
लोगों से डीएम ने की अपील
डीएम पवन कुमार सिन्हा ने बताया कि उन्हें सूचना मिली कि उनके फेसबुक अकाउंट को हैक कर किसी के द्वारा डुप्लीकेट (क्लोन ) अकाउंट तैयार किया गया है. उस क्लोन एफबी आईडी से लोगों के पास फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजे जा रहे हैं. और उनसे मैसेंजर के माध्यम से पैसे की मांग की जा रही है. इसके बाद उन्होंने मीडिया के माध्यम से लोगों से अपील की कि वे ऐसे किसी भी सोशल मीडिया अकाउंट के जरिए उनसे ना संपर्क करें और नहीं ऐसे किसी साइबर अपराधियों के झांसे में आए. जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़े.
डीएम ने कहा कि सूचना मिलते ही डीपीआरओ यानी जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी को इस मामले में साइबर थाना में एफआईआर दर्ज करने के आदेश दे दिए हैं.
जांच के दिए आदेश
डीएम ने कहा कि इस पूरे मामले की जांच कराई जाएगी और जिन साइबर अपराधियों के द्वारा उनके सोशल मीडिया अकाउंट का क्लोन तैयार किया गया है उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी. जांच की जिम्मेदारी साइबर पुलिस को दी गई है. बहरहाल डीएम ने लोगों से ऐसे किसी भी फर्जी अकाउंट से दूर रहने की सलाह दी है.
दरअसल बीते दिनों गोपालगंज के डीएम का फेसबुक अकाउंट का फर्जी क्लोन अकाउंट तैयार किया गया और फिर उसके बाद लोगों के पास फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजे गए. जिन लोगों के पास डीएम के नाम से फ्रेंड रिक्वेस्ट आ रहे थे वे भेजने वाले को डीएम समझकर तुरंत उस फ्रेंड रिक्वेस्ट को एक्सेप्ट कर ले रहे थे.
मैसेंजर के जरिए लोगों से संपर्क करने की कोशिश
जानकारी के मुताबिक मैसेंजर के माध्यम से भी लोगों से डायरेक्ट संपर्क करने की कोशिश की जा रही थी. फिर उन्हें जॉब दिलाने या फिर पैसे को लेकर डिमांड की जा रही थी. ऐसे में लोगों को आर्थिक नुकसान उठाने की नौबत आ गई थी.
हालांकि अभी तक किसी भी तरह के आर्थिक वसूली की शिकायत नहीं मिली है. बहरहाल डीएम के इस फेसबुक आईडी के हैक होने उसका डुप्लीकेट बनकर अवैध वसूली की कोशिश के बाद एक बार फिर साइबर सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं.
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