बच्चों से ढुलवाया जा रहा पानी, बेंच की बजाय बोरे पर बिठाया...बिहार के स्कूल का ये क्या हाल

बिहार के खगड़िया जिले के एक प्राथमिक स्कूल का वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें बच्चों से पढ़ाई कराने की बजाय पानी ढुलवाया जा रहा है, जिससे शिक्षा व्यवस्था और बाल अधिकारों पर सवाल खड़े हो रहे हैं.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
स्कूल में पानी ले जाते हुए बच्चे
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • खगड़िया जिले के प्राथमिक स्कूल में बच्चों से मजदूरी कराई जा रही है, जो शिक्षा व्यवस्था के लिए चिंता का विषय
  • वायरल वीडियो में बच्चे स्कूल परिसर से बाहर खराब चापाकल से पानी बाल्टियों में भरकर ला रहे हैं
  • स्कूल में नल और पानी की टंकी मौजूद हैं, लेकिन खराब होने के कारण बच्चों से पानी ढुलाई कराई जा रही है
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।
खगड़िया:

बिहार के खगड़िया जिले से शिक्षा व्यवस्था को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है. जहां अलौली प्रखंड के झीमा गांव स्थित एक प्राथमिक स्कूल का वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें स्कूली बच्चों से मजदूरी कराई जाती दिख रही है. वीडियो में बच्चे स्कूल परिसर से बाहर चापाकल से पानी ढोकर लाते नजर आ रहे हैं, जो शिक्षकों के लिए मंगवाया गया बताया जा रहा है. यह मामला प्राथमिक विद्यालय झीमा का है.

ये भी पढ़ें : मैं सिर पर कफन बांधकर निकला हूं...भू-माफियाओं और भ्रष्ट अधिकारियों को बिहार के डिप्टी CM की चेतावनी

स्कूलों में बच्चों से ढुलवाया जा रहा पानी

वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि स्कूल की छात्राएं बाल्टी में पानी भरकर बाहर से लाती हैं. स्कूल में नल और पानी की टंकी मौजूद है, लेकिन दोनों ही खराब पड़े हुए हैं. इसके बावजूद बच्चों से मजदूरों की तरह पानी ढुलवाया जा रहा है. जब बच्चों से पूछा गया कि पानी किसके कहने पर लाया जा रहा है, तो उन्होंने बताया कि सर और मैडम क्लासरूम में खाना खा रहे हैं और उन्होंने ही पानी मंगवाया है.

ये भी पढ़ें : बिहार में SC - ST आवासीय स्कूलों में शिक्षक के 60 फीसदी पद खाली, 15 हजार छात्र हो गए पढ़ाई से महरूम

बदहाल शिक्षा व्यवस्था पर उठ रहे सवाल

क्लास रूम में बेंच डेस्क है लेकिन बच्चे जमीन पर बोरे पर बैठकर खेल-कूद कर रहे हैं. इस पूरे मामले ने सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की कार्यशैली और बच्चों के अधिकारों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. बच्चों से पढ़ाई छोड़कर काम कराना न सिर्फ शिक्षा के अधिकार का उल्लंघन है, बल्कि बाल अधिकारों के भी खिलाफ है. ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है और स्थानीय लोग मामले में कार्रवाई की मांग कर रहे हैं. अब देखना होगा कि शिक्षा विभाग और जिला प्रशासन इस गंभीर मामले पर क्या कदम उठाता है.

Advertisement
Featured Video Of The Day
Iran Earthquake: क्या यह कुदरती आफत है या Secret Nuclear Test? America के हमले का खौफ